May 4, 2026
राजस्थान न्यूज़: जयपुर। पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव में जीत के बाद जयपुर स्थित भाजपा मुख्यालय में जश्न का माहौल देखने को मिला। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा, मंत्रियों और वरिष्ठ भाजपा नेताओं ने एक साथ झालमुड़ी खाकर जीत का उत्सव मनाया। सोमवार दोपहर पूर्व प्रदेशाध्यक्ष सतीश पूनिया, अशोक परनामी, पूर्व सांसद रामचरण बोहरा, मंत्री मदन दिलावर, हीरालाल नागर, कन्हैया लाल चौधरी, गौतम दक, जोगाराम पटेल और राज्यवर्धन सिंह राठौड़ सहित कई नेता भाजपा मुख्यालय पहुंचे और मुख्यमंत्री के साथ इस जीत की खुशी साझा की। इससे पहले मुख्यमंत्री आवास पर भी बधाई देने वालों का तांता लगा रहा, जहां मंत्री, सांसद और विधायक—कालीचरण सराफ, के.के. विश्नोई, मंजू शर्मा, जिला प्रमुख रमा चोपड़ा सहित कई जनप्रतिनिधियों ने मुख्यमंत्री को जीत की बधाई दी। पूरे दिन भाजपा कार्यकर्ताओं और नेताओं में उत्साह का माहौल बना रहा। भाजपा की पश्चिम बंगाल और असम में पूर्ण बहुमत तथा पुडुचेरी में एनडीए सरकार बनने की सफलता के उपलक्ष्य में सोमवार शाम प्रदेश भाजपा कार्यालय में औपचारिक जश्न कार्यक्रम भी आयोजित किया जाएगा, जिसमें बड़ी संख्या में कार्यकर्ताओं के शामिल होने की संभावना है। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने इस मौके पर कहा कि यह जीत प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सुशासन और जनकल्याणकारी नीतियों की जीत है। उन्होंने विश्वास जताया कि अब पश्चिम बंगाल भी “डबल इंजन सरकार” के साथ विकास के पथ पर तेजी से आगे बढ़ेगा।
May 4, 2026
राजस्थान न्यूज़: जयपुर। राजस्थान की बहुचर्चित सब-इंस्पेक्टर (SI) भर्ती-2021 को लेकर सुप्रीम कोर्ट ने बड़ा फैसला सुनाते हुए चयनित अभ्यर्थियों की स्पेशल लीव पिटीशन (SLP) खारिज कर दी है। जस्टिस दीपांकर दत्ता और जस्टिस सतीश चंद्र शर्मा की बेंच ने स्पष्ट किया कि भर्ती प्रक्रिया गंभीर रूप से दूषित है और इसे वैध ठहराया नहीं जा सकता। कोर्ट ने टिप्पणी की कि राजस्थान से भर्ती घोटालों से जुड़े कई मामले नियमित रूप से सामने आ रहे हैं और इस भर्ती में “संस्थागत स्तर पर पेपर लीक” हुआ है।सुप्रीम कोर्ट ने अपने आदेश में कहा कि जब चयन प्रक्रिया की गोपनीयता और निष्पक्षता ही भंग हो चुकी हो, तो ऐसे में दोषी और निर्दोष अभ्यर्थियों को अलग करना ही एकमात्र कानूनी विकल्प होता है। हालांकि, वर्तमान मामले में यह संभव नहीं पाया गया। कोर्ट ने उदाहरण देते हुए कहा कि NEET जैसे मामलों में भी सीमित संख्या में गड़बड़ी सामने आने के बावजूद पूरी प्रक्रिया रद्द की गई थी, जिससे स्पष्ट है कि परीक्षा की शुचिता सर्वोपरि है। गौरतलब है कि इस भर्ती में राजस्थान लोक सेवा आयोग (RPSC) के एक सदस्य की गिरफ्तारी हो चुकी है, जिस पर परीक्षा से पहले पेपर लीक कराने का आरोप है। सुप्रीम कोर्ट पहले ही उसकी जमानत याचिका खारिज कर चुका है। अदालत ने कहा कि इस तरह की घटनाएं प्रणालीगत खामियों की ओर संकेत करती हैं और ऐसे में पूरी भर्ती को वैध ठहराना न्यायसंगत नहीं होगा। यह मामला पहले राजस्थान हाईकोर्ट में भी सुनवाई के बाद भर्ती रद्द होने तक पहुंच चुका था। हाईकोर्ट की एकलपीठ ने 28 अगस्त 2025 को भर्ती को निरस्त किया था, जिसे 4 अप्रैल 2026 को खंडपीठ ने भी बरकरार रखा। इसी निर्णय को चुनौती देते हुए चयनित अभ्यर्थी सुप्रीम कोर्ट पहुंचे थे, लेकिन उन्हें वहां से भी राहत नहीं मिली। चयनित अभ्यर्थियों की ओर से वरिष्ठ अधिवक्ता अभिषेक मनु सिंघवी ने दलील दी थी कि केवल 6.3 प्रतिशत अभ्यर्थी ही दूषित पाए गए हैं और उन्हें अलग किया जा सकता है। साथ ही यह भी तर्क दिया गया कि करीब 838 अभ्यर्थी दो वर्षों से सेवा में हैं और उनके प्रशिक्षण पर सार्वजनिक धन खर्च हो चुका है। इसके विपरीत, गैर-चयनित अभ्यर्थियों की ओर से वरिष्ठ अधिवक्ताओं ने कहा कि जब पेपर लीक स्वयं आयोग के सदस्य द्वारा किया गया हो, तो पूरी प्रक्रिया की निष्पक्षता संदिग्ध हो जाती है और चयन को वैध नहीं माना जा सकता।सुप्रीम कोर्ट ने इस मामले में तत्कालीन RPSC चेयरमैन संजय श्रोत्रिय की याचिका भी खारिज कर दी, जिसमें उन्होंने हाईकोर्ट की टिप्पणियों को हटाने की मांग की थी। कोर्ट ने स्पष्ट कहा कि यह मामला सार्वजनिक हित से जुड़ा है और उनके कार्यकाल में हुई घटनाओं पर की गई टिप्पणियां हटाई नहीं जाएंगी।
May 4, 2026
राजस्थान न्यूज़: जयपुर। शहर के जवाहर नगर थाना पुलिस ने बीएसएनएल की भूमिगत केबल से कॉपर वायर चोरी करने वाले एक संगठित गिरोह का भंडाफोड़ करते हुए 8 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से बड़ी मात्रा में चोरी किया गया कॉपर वायर, खुदाई में उपयोग होने वाले उपकरण तथा एक मोटरसाइकिल भी बरामद की है। यह कार्रवाई क्षेत्र में लगातार हो रही केबल चोरी की घटनाओं के बाद की गई, जिससे दूरसंचार सेवाओं पर भी प्रभाव पड़ रहा था। डीसीपी ईस्ट रंजिता शर्मा ने बताया कि गिरोह पूरी योजना के तहत वारदात को अंजाम देता था और इसके सदस्य तकनीकी जानकारी का उपयोग कर भूमिगत केबलों को निशाना बनाते थे। गिरोह का सरगना नूर आलम उर्फ गुड्डु पूर्व में भूमिगत केबल और पाइपलाइन बिछाने के कार्य से जुड़ा रहा है, जिससे उसे जमीन के नीचे बिछी केबलों की सटीक जानकारी थी। इसी जानकारी का फायदा उठाकर वह चोरी की योजना तैयार करता था। पुलिस के अनुसार, इस काम को अंजाम देने के लिए नूर आलम ने भूमिगत मशीन संचालन में माहिर आरोपी आरिफ इस्लाम उर्फ राजा को अपने साथ जोड़ा। आरिफ ने अपने भाई राहुल इस्लाम के माध्यम से पश्चिम बंगाल से मजदूर बुलाए, जिसके बाद सभी आरोपियों ने मिलकर एक संगठित टीम बनाई और जवाहर नगर क्षेत्र में बीएसएनएल की केबलों को निशाना बनाना शुरू किया। पुलिस द्वारा की गई कार्रवाई से गिरोह की गतिविधियों पर रोक लगी है और अन्य संभावित वारदातों को भी टाल दिया गया है। फिलहाल पुलिस आरोपियों से पूछताछ कर रही है और इस गिरोह से जुड़े अन्य सदस्यों एवं नेटवर्क की भी जांच की जा रही है।
May 4, 2026
राजस्थान न्यूज़: राजसमंद। जिले में अवैध हथियारों के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए पुलिस ने श्रीनाथजी मंदिर के पास से 9228 तलवारों का भारी जखीरा बरामद किया है। यह अब तक की सबसे बड़ी कार्रवाई मानी जा रही है। पुलिस ने दो अलग-अलग स्थानों पर दबिश देकर तलवारों के निर्माण और भंडारण से जुड़े तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पहली कार्रवाई उपली ओडन क्षेत्र में एक भंगार गोदाम में की गई, जहां से 9032 तलवारें जब्त की गईं। पुलिस को सूचना मिली थी कि गोदाम के एक कमरे में अवैध रूप से तलवारों का भंडारण किया जा रहा है और वहीं पर उन्हें बनाने व धार देने का कार्य भी चल रहा है। मौके पर पहुंची पुलिस टीम ने तलाशी के दौरान बड़ी संख्या में धारदार और बिना धार वाली तलवारें बरामद कीं। गोदाम में मौजूद आरोपियों से जब वैध लाइसेंस या अनुमति से जुड़े दस्तावेज मांगे गए तो वे कोई संतोषजनक जवाब नहीं दे सके। दूसरी कार्रवाई भानसोल रोड स्थित एक बाड़े में की गई, जहां वेल्डिंग कार्य की आड़ में तलवार बनाने का कारखाना संचालित किया जा रहा था। यहां से 196 तलवारें बरामद कर एक अन्य आरोपी को गिरफ्तार किया गया। पुलिस ने इस पूरे मामले में नाथद्वारा की श्रीनाथ कॉलोनी निवासी अजय सिकलीगर, उपली ओडन निवासी सोनू सुथार और रामदासिया बस्ती निवासी सिकंदर सिकलीगर को हिरासत में लिया है। कार्रवाई के दौरान तलवार निर्माण और धार देने में उपयोग होने वाली मशीनें और उपकरण जैसे ग्राइंडर, ड्रिल मशीन, वेल्डिंग मशीन, पॉलिश व्हील और अन्य सामग्री भी जब्त की गई। पुलिस के अनुसार बरामद तलवारें नुकीली और बड़े फल की हैं, जो निर्धारित मानकों के अनुरूप नहीं पाई गईं। पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ आर्म्स एक्ट के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पूछताछ में यह जानने का प्रयास किया जा रहा है कि इतनी बड़ी मात्रा में तलवारों का भंडारण क्यों किया गया, ये हथियार कहां से लाए गए और इन्हें किन लोगों को सप्लाई करने की योजना थी। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस की जांच जारी है।
May 2, 2026
राजस्थान न्यूज़: राजस्थान पुलिस के एक वरिष्ठ आईपीएस अधिकारी के खिलाफ गंभीर आपराधिक आरोप सामने आए हैं। किशन सहाय, जो वर्तमान में आईजी (मानवाधिकार) पद पर कार्यरत हैं, के खिलाफ जयपुर में रेप का मामला दर्ज किया गया है। शिकायतकर्ता महिला, जिसकी उम्र 53 वर्ष बताई जा रही है, ने दूसरे राज्य से डाक के माध्यम से जयपुर के एक पुलिस थाने में शिकायत भेजी थी, जिसके आधार पर 29 अप्रैल को एफआईआर दर्ज की गई। एफआईआर में महिला ने आरोप लगाया है कि अधिकारी ने शादी का झांसा देकर उसे अपने सरकारी आवास पर बुलाया और वहां जबरदस्ती की। महिला का यह भी आरोप है कि घटना के दौरान उसका मोबाइल फोन बंद कर दिया गया और उसके साथ मारपीट की गई। इसके बाद उसे पुलिस में शिकायत न करने के लिए धमकाया गया। महिला ने यह भी कहा कि घटना के बाद करीब तीन महीने तक वीडियो कॉल के माध्यम से उसे लगातार धमकियां दी जाती रहीं। हालांकि किशन सहाय ने इन आरोपों को सिरे से खारिज करते हुए इसे एक साजिश बताया है। उनका कहना है कि पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की जानी चाहिए और चैट व अन्य इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्यों की जांच से सच्चाई सामने आ जाएगी। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है और तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल इस संवेदनशील मामले में पुलिस जांच जारी है और दोनों पक्षों के दावों के बीच सच्चाई सामने आने का इंतजार किया जा रहा है।
May 2, 2026
राजस्थान न्यूज़: राजस्थान सरकार की महत्वाकांक्षी आरजीएचएस योजना इन दिनों गंभीर संकट से गुजर रही है, जिससे लाखों सरकारी कर्मचारी और पेंशनभोगी प्रभावित हो रहे हैं। जो योजना कैशलेस इलाज की सुविधा देने के लिए शुरू की गई थी, वही अब खुद व्यवस्था के अभाव में चरमराती नजर आ रही है। हालात इतने गंभीर हो गए हैं कि राजस्थान राज्य मानवाधिकार आयोग ने इस पूरे मामले पर सुओ मोटो संज्ञान लेते हुए इसे मानवाधिकारों से जुड़ा गंभीर विषय बताया है। 1 मई 2026 को जारी आदेश में आयोग ने मीडिया रिपोर्ट्स का हवाला देते हुए कहा कि सरकारी कर्मचारियों और पेंशनभोगियों को सूचीबद्ध अस्पतालों और डायग्नोस्टिक केंद्रों से इलाज से वंचित किया जा रहा है। आयोग ने स्पष्ट किया कि बीमारी के दौरान समय पर चिकित्सा सुविधा न मिलना सीधे तौर पर मानवाधिकारों का उल्लंघन है। आयोग के अनुसार, योजना का उद्देश्य मुफ्त चिकित्सा सुविधाएं और दवाएं उपलब्ध कराना था, लेकिन हाल के महीनों में इसके क्रियान्वयन में गंभीर बाधाएं सामने आई हैं। इस संकट की मुख्य वजह सरकार पर बकाया भारी भुगतान को माना जा रहा है। जानकारी के अनुसार, अस्पतालों, डायग्नोस्टिक सेंटरों और केमिस्टों को पिछले 8 से 9 महीनों से भुगतान नहीं किया गया है। कुल बकाया राशि लगभग 2200 करोड़ रुपये तक पहुंच गई है। भुगतान में देरी के चलते कई निजी अस्पतालों ने योजना से दूरी बना ली है, जबकि कई जगहों पर कैशलेस सुविधा बंद कर दी गई है, जिससे मरीजों को मजबूरन अपनी जेब से खर्च करना पड़ रहा है। प्रदेश के विभिन्न शहरों—जयपुर, जोधपुर और बीकानेर—में स्थिति और भी चिंताजनक हो गई है, जहां लाभार्थियों को दवाइयों के लिए ‘नो स्टॉक’ या ‘कैशलेस सेवा बंद’ जैसे जवाब मिल रहे हैं। सरकारी कर्मचारियों में इस बात को लेकर खासा रोष है कि उनकी सैलरी से हर महीने RGHS के लिए कटौती तो हो रही है, लेकिन जरूरत के समय उन्हें बुनियादी इलाज तक नहीं मिल पा रहा। अब इस पूरे मामले में नजरें भजनलाल शर्मा सरकार पर टिकी हैं। मानवाधिकार आयोग के हस्तक्षेप के बाद शासन सचिवालय में हलचल तेज हो गई है। आयोग ने सरकार से भुगतान में देरी के कारणों, जिम्मेदारियों और व्यवस्था को सुचारु बनाने के लिए ठोस रोडमैप प्रस्तुत करने को कहा है। आने वाले समय में यह देखना अहम होगा कि सरकार इस वित्तीय और प्रशासनिक संकट से कैसे निपटती है।
May 2, 2026
राजस्थान न्यूज़: जयपुर में सार्वजनिक परिवहन को मजबूत बनाने की दिशा में बड़ा कदम उठाते हुए भजनलाल शर्मा के निर्देश पर जयपुर मेट्रो फेज-2 परियोजना में तेजी आ गई है। जयपुर मेट्रो रेल कॉर्पोरेशन लिमिटेड ने प्रहलादपुरा से पिंजरापोल गोशाला तक बनने वाले 12 किलोमीटर लंबे कॉरिडोर के लिए एलिवेटेड वायाडक्ट और 10 एलिवेटेड स्टेशनों के डिजाइन एवं निर्माण हेतु 918.04 करोड़ रुपये से अधिक के कार्यों के लिए स्वीकृति पत्र (LOA) जारी कर दिया है। इस परियोजना के तहत प्रहलादपुरा, मानपुरा, बीलवा कलां, बीलवा, गोनेर मोड़, सीतापुरा, जेईसीसी, कुंभा मार्ग, हल्दीघाटी गेट और पिंजरापोल गोशाला जैसे प्रमुख स्थानों पर एलिवेटेड स्टेशन विकसित किए जाएंगे। इसके साथ ही मेट्रो डिपो तक पहुंचने के लिए स्पर लाइन का निर्माण भी इसी पैकेज में शामिल है। यह कॉरिडोर शहर के विकसित होते क्षेत्रों को जोड़ते हुए आवागमन को सुगम बनाएगा। मुख्यमंत्री ने मेट्रो अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि कुल प्रस्तावित 41 किलोमीटर में से शेष 29 किलोमीटर के लिए भी जल्द से जल्द निविदाएं आमंत्रित की जाएं, ताकि परियोजना का समयबद्ध क्रियान्वयन सुनिश्चित हो सके। इससे जयपुर के ट्रैफिक दबाव को कम करने और पर्यावरण अनुकूल परिवहन को बढ़ावा मिलने की उम्मीद है। उल्लेखनीय है कि इस महत्वाकांक्षी परियोजना को नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में केंद्रीय मंत्रिमंडल की बैठक में 13,037.66 करोड़ रुपये की मंजूरी दी गई थी। इसके बाद राज्य सरकार ने उच्च स्तरीय बैठक कर परियोजना को गति देने के निर्देश जारी किए थे।
May 2, 2026
राजस्थान न्यूज़: राजस्थान में साइबर ठगी के एक बड़े अंतरराज्यीय नेटवर्क का खुलासा करते हुए जयपुर पुलिस ने 17 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। साइबर क्राइम पुलिस स्टेशन जयपुर की कार्रवाई में सामने आया कि आरोपियों ने व्हाट्सऐप पर कंपनी के चेयरमैन की फोटो और नाम का इस्तेमाल कर अकाउंटेंट को झांसे में लिया और 5 करोड़ 30 लाख रुपये अलग-अलग बैंक खातों में ट्रांसफर करवा लिए। इस मामले में परिवादी दीपेन्द्र सिंह ने 24 अप्रैल 2026 को साइबर हेल्पलाइन 1930 पर शिकायत दर्ज कराई थी। पुलिस जांच में पता चला कि ठगों ने ‘बॉस’ के नाम से व्हाट्सऐप मैसेज भेजकर तत्काल भुगतान के निर्देश दिए, जिस पर भरोसा कर अकाउंटेंट ने बड़ी रकम ट्रांसफर कर दी। बाद में यह साइबर फ्रॉड निकला। इस पूरे नेटवर्क की जांच शांतनु कुमार सिंह के निर्देशन और सुमित मेहरड़ा के सुपरविजन में की गई, जिसमें तकनीकी विश्लेषण से ठगी की रकम के ट्रेल को ट्रैक किया गया। जांच में सामने आया कि ठगी की राशि कई बैंक खातों में घुमाई गई और बाद में नकद निकासी कर यूएसडीटी (क्रिप्टोकरेंसी) और हवाला के जरिए रकम को छिपाया गया। इस कार्रवाई में कोटा ग्रामीण, पाली, बांसवाड़ा, जोधपुर और बाड़मेर पुलिस के सहयोग से 17 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया। इनमें बैंक खाते उपलब्ध कराने वाले, नकद निकासी करने वाले, कमीशन एजेंट और क्रिप्टोकरेंसी के जरिए रकम ट्रांसफर करने वाले लोग शामिल हैं। पुलिस के अनुसार गिरोह के सदस्य अलग-अलग भूमिकाओं में काम कर रहे थे। कोटा में आरोपी नकद निकासी और क्रिप्टो में कन्वर्जन का काम करते थे, जबकि बांसवाड़ा और पाली के आरोपी नए बैंक खाते उपलब्ध कराने और रकम ट्रांसफर करने में जुटे थे। जोधपुर और बाड़मेर में भी इसी तरह के नेटवर्क के जरिए ठगी की रकम को सुरक्षित ठिकाने लगाया जाता था। हैरानी की बात यह रही कि गिरोह में वकालत का छात्र, सैलून कर्मी और छोटे व्यापारी भी शामिल थे, जो कमीशन के लालच में इस नेटवर्क से जुड़े हुए थे। पुलिस जांच में यह भी सामने आया कि आरोपी चाय की थड़ियों या सार्वजनिक स्थानों पर मिलकर कमीशन का बंटवारा करते थे, ताकि किसी को शक न हो। प्रत्येक खाते के बदले 3 हजार से 50 हजार रुपये तक कमीशन लिया जाता था, जबकि बड़ी रकम को यूएसडीटी में बदलकर ट्रेसिंग से बचाने की कोशिश की जाती थी। इस पूरे ऑपरेशन में सुगन सिंह के नेतृत्व में गठित टीमों ने अहम भूमिका निभाई। पुलिस ने आमजन से अपील की है कि किसी भी व्हाट्सऐप मैसेज या कॉल पर बिना पुष्टि के बड़ी राशि ट्रांसफर न करें और साइबर ठगी की स्थिति में तुरंत हेल्पलाइन 1930 या राष्ट्रीय साइबर अपराध पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराएं।
April 28, 2026
राजस्थान न्यूज़: जयपुर। भाजपा प्रदेश मुख्यालय में मंगलवार से ‘पंडित दीनदयाल उपाध्याय प्रशिक्षण महाभियान 2026’ का शुभारंभ हुआ। इस अवसर पर महाभियान के राष्ट्रीय सह संयोजक एवं सांसद वीडी शर्मा ने जिला प्रभारियों और जिलाध्यक्षों को संबोधित करते हुए कहा कि यह भाजपा का एक प्रमुख वैचारिक और संगठनात्मक कौशल विकास कार्यक्रम है, जो बूथ स्तर से लेकर राज्य स्तर तक कार्यकर्ताओं को ‘एकात्म मानववाद’ और ‘अंत्योदय’ के सिद्धांतों में प्रशिक्षित करता है। राष्ट्रीय सह संयोजक एवं सांसद वीडी शर्मा ने कहा कि इस अभियान का उद्देश्य पार्टी की विचारधारा को मजबूत करना, कार्यपद्धति में निखार लाना और डिजिटल माध्यमों से कार्यकर्ताओं को आधुनिक बनाना है। उन्होंने कहा कि प्रशिक्षण महाभियान कार्यकर्ताओं में सेवा, समर्पण और संगठनात्मक चुनौतियों से निपटने की क्षमता विकसित करेगा। मंडल, जिला और प्रदेश स्तर पर आयोजित इस महाअभियान में कार्यशालाओं के माध्यम से प्रशिक्षण दिया जाएगा। भाजपा प्रदेश अध्यक्ष मदन राठौड़ ने कहा कि “प्रशिक्षण तरासने की प्रक्रिया है। जो सीखता है वह बढ़ता है, जो सीखना बंद कर देता है, वह बढ़ना भी बंद कर देता है।” उन्होंने कहा कि व्यक्ति निर्माण से ही संगठन का निर्माण होता है। प्रशिक्षण महाभियान 2026 में पार्टी ने डिजिटल लर्निंग प्लेटफॉर्म भी शुरू किया है, जो डिजिटल इंडिया के विजन के अनुरूप है। मदन राठौड़ ने प्रशिक्षण महाभियान को संगठन सशक्तिकरण का ऐतिहासिक कदम बताते हुए कहा कि यह अभियान कार्यकर्ताओं को विचार, व्यवहार और नेतृत्व तीनों स्तरों पर समृद्ध करेगा। उन्होंने कहा कि पंडित दीनदयाल उपाध्याय का अंत्योदय और एकात्म मानववाद भाजपा की कार्यसंस्कृति की आधारशिला है। इससे संगठन की कार्यपद्धति में एकरूपता आएगी और सेवा, समर्पण तथा राष्ट्रहित की भावना और अधिक प्रखर होगी।
April 28, 2026
राजस्थान न्यूज़: जयपुर। भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष मदन राठौड़ से मंगलवार को डेनमार्क के राजदूत एबिल्डगार्ड क्रिस्टेंसन ने जयपुर स्थित भाजपा मुख्यालय में शिष्टाचार भेंट की। इस अवसर पर प्रदेश अध्यक्ष मदन राठौड़ ने डेनमार्क के राजदूत का पारंपरिक राजस्थानी रीति-रिवाज के अनुसार साफा और शॉल पहनाकर स्वागत एवं अभिनंदन किया। मुलाकात के दौरान दोनों के बीच विभिन्न सामयिक और महत्वपूर्ण विषयों पर सौहार्दपूर्ण वातावरण में विस्तृत चर्चा हुई। सूत्रों के अनुसार बैठक में आपसी सहयोग, संवाद और वैश्विक संबंधों को और मजबूत बनाने से जुड़े मुद्दों पर विचार-विमर्श किया गया। यह मुलाकात भारत और डेनमार्क के बीच बेहतर संवाद और सहयोग की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है। राजनीतिक और कूटनीतिक दृष्टि से इस बैठक को खास माना जा रहा है, क्योंकि हाल ही में राजस्थान क्रिकेट एसोसिएशन और डेनमार्क क्रिकेट फाउंडेशन के बीच भी क्रिकेट एक्सचेंज प्रोग्राम को लेकर समझौता हुआ है, जिससे दोनों देशों के बीच संबंधों में नई सक्रियता देखी जा रही है।
April 28, 2026
राजस्थान न्यूज़: जयपुर/माधोगढ़। राजस्थान की भीषण गर्मी से राहत पाने के लिए किया गया एक अनोखा ‘जुगाड़’ एक ग्रामीण के लिए परेशानी का सबब बन गया। माधोगढ़ गांव में एक ग्रामीण करीब दो घंटे तक धातु के दूध के डिब्बे में फंसा रहा। कड़ी मशक्कत और सावधानीपूर्वक रेस्क्यू ऑपरेशन के बाद उसे सुरक्षित बाहर निकाला गया।जानकारी के अनुसार, कालूराम रेबारी खेतों की ओर काम के लिए जा रहे थे। चिलचिलाती धूप और तेज गर्मी से बचने के लिए उन्होंने लगभग 15 लीटर क्षमता और करीब 10 किलोग्राम वजन वाले बड़े धातु के दूध के डिब्बे को अपने सिर पर रख लिया। कुछ देर बाद उन्होंने उसे पूरी तरह सिर पर खींच लिया, ताकि धूप से राहत मिल सके।लेकिन यह उपाय जल्द ही मुसीबत में बदल गया। डिब्बा उनके सिर में इस तरह फंस गया कि लाख कोशिशों के बावजूद बाहर नहीं निकल सका। खुद को फंसा महसूस करते ही कालूराम घबरा गए और उन्होंने आसपास के ग्रामीणों से मदद मांगी।ग्रामीण मौके पर पहुंचे और पहले डिब्बा निकालने की कोशिश की, लेकिन जब सफलता नहीं मिली तो उन्हें सुरक्षित स्थान पर ले जाया गया। वहां ग्रामीणों ने आवश्यक उपकरण जुटाए और बेहद सावधानी से रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू किया। वायरल वीडियो में देखा जा सकता है कि ग्रामीणों ने बड़ी सावधानी से डिब्बे के ऊपरी हिस्से को काटा। इस दौरान कालूराम को पूरी तरह स्थिर रखा गया, ताकि उन्हें कोई चोट न पहुंचे। जरा सी चूक गंभीर हादसे का कारण बन सकती थी।करीब दो घंटे की मशक्कत के बाद ग्रामीणों ने कालूराम को डिब्बे से सुरक्षित बाहर निकाल लिया। राहत की बात यह रही कि इस पूरे घटनाक्रम में उन्हें कोई गंभीर चोट नहीं आई।
April 28, 2026
राजस्थान न्यूज़: गोमाता को राष्ट्रमाता दर्जा घोषित कराने के संकल्प को लेकर अजमेर से गुरुवार 8 अप्रैल को खाटू श्याम मंदिर तक दंडवत यात्रा करते हुए अजमेर के मुकेश खटवानी आज 28 अप्रैल को सांभर पहुंचे ।यह दंडवत यात्रा मदरगेट स्थित प्राचीन सूर्यकुंड मंदिर से प्रारंभ की गई थी। अजय नगर निवासी मुकेश खटवानी दंडवत यात्रा करते हुए खाटूश्यामजी, सांवरिया सेठ होते हुए उज्जैन के महाकाल मंदिर तक दंडवत करते हुए आगे बढ़ रहे हैं। उन्होंने बताया कि क़रीब 9 महीना यात्रा संपन्न होने की संभावना है। यात्रा में विश्व हिंदू परिषद, बजरंग दल, श्याम मित्र मंडल सांभर राजू मालाकार, प्रेम कुमार शर्मा, राजेंद्र कश्यप, संजय कश्यप, अंकित कश्यप, जुगल सिंह,और गौशाला समिति के पदाधिकारी व कार्यकर्ता आदि ने मुकेश खटवानी को स्वागत किया।