April 25, 2026
राजस्थान न्यूज़: जयपुर। सवाई मानसिंह स्टेडियम में आज होने वाले राजस्थान रॉयल्स और सनराइजर्स हैदराबाद के रोमांचक IPL मुकाबले से पहले राजस्थान पुलिस ने क्रिकेट प्रेमियों के लिए बड़ी चेतावनी जारी की है। क्रिकेट के इस जुनून को साइबर ठग अपनी कमाई का जरिया बना रहे हैं और फैंस को फर्जी टिकट घोटाले का शिकार बना रहे हैं।राजस्थान पुलिस ने अपने आधिकारिक सोशल मीडिया पोस्ट में बताया कि IPL 2026 के दौरान टिकटों की भारी मांग का फायदा उठाकर साइबर अपराधी फर्जी वेबसाइट्स, क्लोन ऐप्स, सोशल मीडिया विज्ञापन, और WhatsApp/Instagram लिंक के जरिए लोगों को निशाना बना रहे हैं। पुलिस के अनुसार ठग ऐसी वेबसाइट्स बनाते हैं जो देखने में आधिकारिक टिकट बुकिंग प्लेटफॉर्म जैसी लगती हैं। ये वेबसाइट्स सस्ते टिकट, VIP पास, या लास्ट मिनट ऑफर का लालच देकर लोगों से ऑनलाइन भुगतान करवाती हैं। भुगतान होते ही या तो वेबसाइट बंद हो जाती है या फिर फर्जी QR कोड अथवा ई-टिकट भेज दिया जाता है। राजस्थान पुलिस ने फैंस से अपील की है कि वे केवल आधिकारिक प्लेटफॉर्म्स से ही टिकट खरीदें। किसी भी वेबसाइट पर भुगतान करने से पहले उसकी स्पेलिंग, https और लॉक आइकन जरूर जांच लें। पुलिस ने यह भी कहा है कि किसी अनजान व्यक्ति द्वारा भेजे गए QR कोड को स्कैन करके कभी भुगतान न करें। एक गलत क्लिक से बैंक खाता खाली हो सकता है। हाल के दिनों में कई क्रिकेट फैंस इस तरह की ठगी का शिकार हो चुके हैं। रिपोर्ट्स के मुताबिक बेंगलुरु में एक टेक प्रोफेशनल से 1.46 लाख रुपए की ठगी हुई। उसने Instagram पर RCB vs CSK मैच की टिकट खरीदने के नाम पर पैसे गंवा दिए। वहीं एक महिला सिक्योरिटी गार्ड से 52 हजार रुपए ठग लिए गए। इसी तरह दिल्ली में भी डुप्लीकेट और फर्जी टिकट स्कैनिंग के मामले सामने आए हैं। राजस्थान पुलिस की साइबर क्राइम ब्रांच ऐसे मामलों की सक्रिय रूप से निगरानी कर रही है और फर्जी लिंक व वेबसाइट्स को ब्लॉक करने की कोशिश कर रही है।
April 24, 2026
राजस्थान न्यूज़: जयपुर। राजस्थान हाईकोर्ट ने डिस्कॉम चेयरपर्सन और वरिष्ठ आईएएएस अधिकारी आरती डोगरा के खिलाफ भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (एसीबी) से जांच कराने के आदेश दिए हैं। यह आदेश जस्टिस रवि चिरानिया की एकलपीठ ने सुपरिटेंडेंट इंजीनियर आर.के. मीना की याचिका पर सुनवाई करते हुए पारित किया। कोर्ट ने अपने आदेश में गंभीर टिप्पणी करते हुए कहा कि डिस्कॉम चेयरपर्सन ने याचिकाकर्ता के खिलाफ जांच पर फैसला जानबूझकर कई महीनों तक लंबित रखा। न्यायालय ने कहा कि उपलब्ध परिस्थितियों में भ्रष्टाचार की आशंका से इनकार नहीं किया जा सकता और इस मामले में संदेह करने के पर्याप्त आधार मौजूद हैं। हाईकोर्ट ने एसीबी को निर्देश दिया है कि वह पूरे मामले की विस्तृत जांच करे और तीन महीने के भीतर रिपोर्ट अदालत में पेश करे। कोर्ट ने यह भी कहा कि प्रथम दृष्टया ऐसा प्रतीत होता है कि सीएमडी अपने कर्तव्यों के निर्वहन में विफल रही हैं। याचिकाकर्ता आरके मीना की ओर से अधिवक्ता अजातशत्रु मीणा और मोविल जीनवाल ने पैरवी करते हुए हाईकोर्ट को बताया कि याचिकाकर्ता ने वर्ष 2022-23 की विभागीय पदोन्नति समिति (DPC) को चुनौती देते हुए दिसंबर 2023 में रिट याचिका दायर की थी। याचिका में कहा गया था कि विभाग सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों और कार्मिक विभाग के सर्कुलर के बावजूद बिना रोस्टर मेंटेन (संधारण) किए डीपीसी कर रहा है। इस प्रक्रिया के कारण याचिकाकर्ता को एक्सईएन (XEN) से सुपरिटेंडेंट इंजीनियर पद पर प्रमोशन नहीं मिल सका। अधिवक्ताओं ने कोर्ट को यह भी बताया कि याचिका दायर करने के बाद याचिकाकर्ता को अलग-अलग कारणों से तीन चार्जशीट जारी कर दी गईं। याचिकाकर्ता का आरोप है कि यह कार्रवाई प्रतिशोधात्मक भावना से की गई। हाईकोर्ट के इस आदेश के बाद प्रशासनिक और राजनीतिक हलकों में हलचल बढ़ गई है। अब एसीबी की जांच रिपोर्ट पर सबकी नजरें टिकी रहेंगी, क्योंकि यह मामला एक वरिष्ठ आईएएएस अधिकारी और बिजली विभाग की शीर्ष प्रशासनिक जिम्मेदारी से जुड़ा हुआ है।
April 24, 2026
राजस्थान न्यूज़: जयपुर। राजस्थान की सबसे सुरक्षित और संवेदनशील इमारतों में से एक राजस्थान विधानसभा को शुक्रवार को एक बार फिर बम से उड़ाने की सनसनीखेज धमकी मिली है। विधानसभा सचिवालय को भेजे गए एक अज्ञात ईमेल में स्पष्ट तौर पर चेतावनी दी गई कि दोपहर 1 बजे विधानसभा परिसर में बड़ा धमाका किया जाएगा। इस धमकी के बाद पूरे प्रशासन और सुरक्षा एजेंसियों में हड़कंप मच गया। धमकी मिलते ही विधानसभा प्रशासन ने तुरंत सुरक्षा प्रोटोकॉल लागू कर दिया। एहतियातन विधानसभा भवन के भीतर मौजूद कर्मचारियों और अधिकारियों को तत्काल बाहर निकाला गया। जो कर्मचारी ड्यूटी के लिए विधानसभा पहुंच रहे थे, उन्हें मुख्य गेट के बाहर ही रोक दिया गया। परिसर के चारों ओर सुरक्षा घेरा बढ़ा दिया गया है। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए कमांडो, बम निरोधक दस्ता (BDDS), डॉग स्क्वायड और स्थानीय पुलिस बल को मौके पर तैनात किया गया है। आधुनिक उपकरणों की मदद से विधानसभा के गार्डन, पार्किंग, गलियारों, कमरों और अन्य संवेदनशील स्थानों की गहन तलाशी ली जा रही है। हैरानी की बात यह है कि यह पहली बार नहीं है जब राजस्थान विधानसभा को निशाना बनाने की धमकी मिली हो। कुछ ही दिन पहले भी इसी तरह की धमकी मिलने के बाद सुरक्षा व्यवस्था कड़ी की गई थी। बार-बार मिल रही धमकियों ने सुरक्षा एजेंसियों की चिंता बढ़ा दी है। लगातार मिल रही ऐसी धमकियों ने इंटेलिजेंस ब्यूरो और राजस्थान पुलिस की कार्यप्रणाली पर भी सवाल खड़े कर दिए हैं। जांच एजेंसियां यह पता लगाने में जुटी हैं कि यह किसी शरारती तत्व की हरकत है या इसके पीछे कोई गंभीर राजनीतिक, आपराधिक या सुरक्षा संबंधी साजिश छिपी है। फिलहाल विधानसभा परिसर में तलाशी अभियान जारी है और सुरक्षा एजेंसियां ईमेल भेजने वाले की पहचान करने में जुटी हैं। पूरे मामले पर राज्य सरकार और पुलिस प्रशासन की नजर बनी हुई है।
April 24, 2026
राजस्थान न्यूज़: जयपुर। राजस्थान हाईकोर्ट के न्यायिक इतिहास में शनिवार, 25 अप्रैल एक ऐतिहासिक दिन बनने जा रहा है। संभवतः पहली बार राजस्थान हाईकोर्ट की जोधपुर मुख्यपीठ के सभी न्यायाधीश जयपुर पीठ में बैठकर सुनवाई करेंगे। इस विशेष व्यवस्था के चलते जयपुर एक दिन के लिए ‘न्यायिक राजधानी’ के रूप में स्थापित होगा। हालांकि इस ऐतिहासिक मौके के बीच अधिवक्ताओं के विरोध ने माहौल को और गरमा दिया है। तीनों प्रमुख बार एसोसिएशनों ने न्यायिक बहिष्कार का ऐलान कर दिया है। कार्यवाहक मुख्य न्यायाधीश के आदेश से जारी रोस्टर के अनुसार 25 अप्रैल को राजस्थान हाईकोर्ट में 4 लार्जर बेंच, 6 खंडपीठ और 15 एकलपीठ गठित की गई हैं, जो अपने आप में एक रिकॉर्ड माना जा रहा है। हाईकोर्ट की स्थापना के बाद संभवतः पहली बार एक साथ चार वृहदपीठों का गठन हुआ है। इसे न्यायिक इतिहास की बड़ी घटना माना जा रहा है। विशेष बात यह है कि जोधपुर मुख्यपीठ के मामलों की सुनवाई भी जयपुर से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से होगी। जस्टिस वीनीत माथुर, जस्टिस कुलदीप माथुर और जस्टिस नुपुर भाटी की वृहदपीठ जयपुर से जोधपुर के दीवानी मामलों की सुनवाई करेगी। हालांकि तकनीकी चुनौतियों और नेटवर्क समस्याओं को लेकर अधिवक्ताओं में चिंता भी जताई जा रही है। सूत्रों के अनुसार भारत के मुख्य न्यायाधीश जस्टिस सूर्यकांत के जयपुर दौरे और कॉन्स्टीट्यूशन क्लब में प्रस्तावित कार्यक्रम को देखते हुए यह विशेष सिटिंग व्यवस्था की गई है। इसे न्यायिक व्यवस्था में बड़े बदलाव और प्रशासनिक प्रयोग के संकेत के रूप में भी देखा जा रहा है। इधर, इस ऐतिहासिक दिन के साथ विरोध भी तेज हो गया है। राजस्थान हाईकोर्ट एडवोकेट्स एसोसिएशन, राजस्थान हाईकोर्ट लॉयर्स एसोसिएशन और राजस्थान हाईकोर्ट बार एसोसिएशन ने 7 मार्च 2026 और 25 अप्रैल 2026 को न्यायिक कार्य नहीं करने का निर्णय लिया था, जिसे अब अधिवक्ता समूहों में लगातार प्रसारित किया जा रहा है।
April 24, 2026
राजस्थान न्यूज़: जयपुर/अजमेर, 24 अप्रेल। मुख्यमंत्री श्री भजनलाल शर्मा ने शुक्रवार को मुख्यमंत्री कार्यालय में राज उन्नति की चौथी बैठक में लगभग 23 हजार 890 करोड़ रुपये की विभिन्न परियोजनाओं और योजनाओं की प्रगति को लेकर चर्चा की। उन्होंने प्रोजेक्ट्स को तय समय में पूरा नहीं होने पर कड़ी नाराजगी व्यक्त की। मुख्यमंत्री ने प्रोजेक्ट्स को समय पर पूरा करने में किसी भी तरह की ढिलाई नहीं बरतने तथा विकास कार्यों को हर हाल में तय समय में पूरा करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि प्रोजेक्ट में किसी भी प्रकार की देरी के लिए व्यक्तिगत जिम्मेदारी तय की जाएगी। साथ ही, लापरवाह कार्मिकों पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी। बैठक में मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को राज उन्नति की बैठक से 15 दिन पहले विभाग स्तर पर उच्च स्तरीय बैठक करने के निर्देश दिये। जिससे विभागीय स्तर पर बेहतर मॉनिटरिंग हो सके। बैठक में जानकारी दी गई कि कस्टम हायरिंग सेंटर स्थापना के लिए 87 प्रस्ताव प्रक्रियाधीन हैं। इस पर मुख्यमंत्री ने असंतोष जाहिर करते हुए कहा कि कस्टम हायरिंग सेंटर की स्वीकृति निर्धारित समय सीमा में जारी क्यों नहीं हुई। उन्होंने ग्रामीण विकास एवं सहकारिता विभाग के अधिकारियों को समन्वय स्थापित कर प्रकरणों के शीघ्र निस्तारण के निर्देश दिए। प्रदेश की जनता को मिले बेहतर एयर कनेक्टिविटी सुविधा इस दौरान मुख्यमंत्री ने भरतपुर-डीग, सीकर-झुन्झुनूं, आबूरोड़, बांसवाड़ा ग्रीनफिल्ड एयरपोर्ट की प्री फिजिबिलिटी स्टडी करवाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि ग्रीनफिल्ड एयरपोर्ट के बनने से आमजन को बेहतर एयर कनेक्टिविटी सुविधा उपलब्ध हो पाएगी। उन्होंने अधिकारियों को बीकानेर के नाल एयरपोर्ट प्रोजेक्ट को समय सीमा में एवं केन्द्र सरकार से समन्वय स्थापित करते हुए निविदा प्रक्रिया पूर्ण करने के निर्देश दिये। बैठक में जानकारी दी गई कि सिविल एयरपोर्ट विस्तार एवं विकास के लिए भूमि प्रत्यावर्तन के लिए स्वीकृति प्रदान कर दी गई है। साथ ही, वन विभाग एवं राजस्व विभाग द्वारा भूमि का सीमांकन भी किया जा चुका है। राजस्थान मंडपम का काम दो साल में करें पूरा मुख्यमंत्री ने जयपुर के टोंक रोड बी2 बायपास पर 90 एकड़ भूमि पर बनने वाले राजस्थान मंडपम की प्रगति को लेकर कहा कि इस प्रोजेक्ट के अन्तर्गत भारत मंडपम की तर्ज पर प्रदेशवासियों को विश्वस्तरीय सुविधाएं मिल पाएगी। उन्होंने मुख्य सचिव को निर्देश दिए कि संबंधित विभागों से समन्वय कर राजस्थान मंडपम के निर्माण को लेकर प्रभावी कार्ययोजना तैयार करें। उन्होंने राजस्थान मंडपम को टोंक रोड, जेएलएन मार्ग तथा मुख्य मार्गों के साथ कनेक्टिविटी की संभावनाओं पर कार्य करने के लिए निर्देशित किया। उन्होंने सभी विभागों को इस संबंध में आवश्यक स्वीकृतियां शीघ्र लेने के निर्देश दिए जिससे आगामी दो साल में इस महत्वाकांक्षी प्रोजेक्ट को पूरा किया जा सके। उन्होंने ऊर्जा विभाग के अधिकारियों को बैटरी एनर्जी स्टोरेज सिस्टम के प्रगतिरत प्रोजेक्ट्स का भी शीघ्र उद्घाटन करने के निर्देश दिए।
April 23, 2026
राजस्थान न्यूज़: जयपुर। राजस्थान सरकार ने पतंगबाजी में इस्तेमाल होने वाले खतरनाक चाइनीज मांझे (काइट फ्लाइंग थ्रेड) के उपयोग, बिक्री और निर्माण पर पूर्ण प्रतिबंध लगा दिया है। पर्यावरण एवं जलवायु परिवर्तन विभाग की ओर से दो दिन पहले जारी अधिसूचना में यह आदेश लागू किया गया है। अब प्रतिबंधित धागे का उपयोग, बिक्री, भंडारण या सप्लाई करने पर न सिर्फ भारी जुर्माना लगाया जाएगा, बल्कि जेल की सजा भी हो सकती है। राज्य सरकार ने स्पष्ट किया है कि केवल सादा सूती धागा, जिसमें किसी प्रकार का कांच, धातु, रासायनिक या चिपकाने वाला पदार्थ न लगा हो, उसी का उपयोग किया जा सकेगा। इसके अलावा नायलॉन, प्लास्टिक या किसी भी सिंथेटिक सामग्री से बने धागों पर पूरी तरह रोक रहेगी। यदि कोई सूती धागा भी कांच, धातु या अन्य धारदार पदार्थ से लेपित पाया जाता है, तो वह भी प्रतिबंधित माना जाएगा। अतिरिक्त मुख्य सचिव आनंद कुमार की ओर से जारी अधिसूचना में कहा गया है कि नायलॉन, प्लास्टिक या सिंथेटिक धागे तथा कांच, धातु या अन्य धारदार पदार्थ से लेपित मांझा मानव जीवन, पशु-पक्षियों और पर्यावरण के लिए गंभीर खतरा है। ऐसे मांझे से हर साल सड़क दुर्घटनाएं, गले कटने की घटनाएं और पक्षियों की मौत के मामले सामने आते हैं। यह निर्णय राष्ट्रीय हरित अधिकरण (NGT) के 11 जुलाई 2017 के आदेश के अनुपालन में लिया गया है। एनजीटी ने राज्यों को ऐसे खतरनाक धागों के निर्माण, बिक्री और उपयोग पर रोक लगाने के निर्देश दिए थे। राज्य सरकार की अधिसूचना के अनुसार चाइनीज मांझा/सिंथेटिक धागे के निर्माण, बिक्री, भंडारण, सप्लाई, आयात, परिवहन और उपयोग पर पूर्ण प्रतिबंध रहेगा। सरकार ने इसे लेकर सख्त दंडात्मक प्रावधान भी लागू किए हैं। पर्यावरण संरक्षण अधिनियम, 1986 की धारा 15 के तहत आदेशों या निर्देशों के उल्लंघन पर दोषी व्यक्ति या संस्था को 5 वर्ष तक की कैद, ₹1 लाख तक का जुर्माना, या दोनों हो सकते हैं। यदि उल्लंघन जारी रहता है तो ₹5,000 प्रतिदिन का अतिरिक्त जुर्माना लगाया जा सकता है। वहीं, लंबे समय तक उल्लंघन जारी रहने पर सजा को बढ़ाकर 7 साल तक की कैद किया जा सकता है। राज्य सरकार ने आदेशों की पालना सुनिश्चित करने के लिए विभिन्न अधिकारियों को जिम्मेदारी सौंपी है। इनमें नायब तहसीलदार स्तर तक के कार्यपालक मजिस्ट्रेट, फॉरेस्ट रेंजर या उससे ऊपर के वन अधिकारी, सब-इंस्पेक्टर या उससे ऊपर के पुलिस अधिकारी, नगर निकायों में मुख्य नगर पालिका अधिकारी स्तर के अधिकारी और राजस्थान प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के सहायक पर्यावरण अभियंता शामिल हैं। इसके अलावा जिला प्रशासन की भूमिका भी तय की गई है। कलेक्टर और उपखंड मजिस्ट्रेट को निर्देश दिए गए हैं कि वे राजस्व, वन, पुलिस और नगर निकायों से प्राप्त सूचनाओं के आधार पर त्वरित कार्रवाई करें। वहीं राजस्थान प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के चेयरमैन और सदस्य सचिव समय-समय पर इन निर्देशों के क्रियान्वयन की समीक्षा करेंगे।
April 23, 2026
राजस्थान न्यूज़: जयपुर। भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन 27 अप्रैल, सोमवार को राजस्थान के दौरे पर रहेंगे। राष्ट्रीय अध्यक्ष बनने के बाद यह उनका पहला राजस्थान दौरा होगा। इस दौरान वे प्रदेश के 7 नए जिला भाजपा कार्यालयों का उद्घाटन करेंगे और जालोर भाजपा कार्यालय का शिलान्यास भी करेंगे। भाजपा प्रदेश अध्यक्ष मदन राठौड़ ने बुधवार को यह जानकारी दी। मदन राठौड़ ने बताया कि कार्यक्रम के अनुसार नितिन नवीन सबसे पहले टोंक जाएंगे, जहां वे टोंक भाजपा कार्यालय का उद्घाटन करेंगे। इसके साथ ही अन्य जिला कार्यालयों का वर्चुअल माध्यम से उद्घाटन भी किया जाएगा। इस कार्यक्रम का लाइव प्रसारण प्रदेशभर के सभी भाजपा कार्यालयों में किया जाएगा ताकि कार्यकर्ता और आमजन कार्यक्रम से जुड़ सकें। उन्होंने बताया कि नितिन नवीन जयपुर पहुंचने के बाद सीधे टोंक जाएंगे और वहां भाजपा कार्यालय उद्घाटन के बाद कार्यकर्ताओं और आमजन को संबोधित करेंगे। इसके बाद वे वापस जयपुर आएंगे और जयपुर एयरपोर्ट से भाजपा प्रदेश कार्यालय तक विभिन्न स्थानों पर कार्यकर्ताओं द्वारा उनका जोरदार स्वागत और अभिनंदन किया जाएगा। राष्ट्रीय अध्यक्ष के इस दौरे को लेकर भाजपा कार्यकर्ताओं में खासा उत्साह है। भाजपा प्रदेश कार्यालय में नितिन नवीन प्रदेश पदाधिकारियों के साथ बैठक करेंगे, जिसमें मोर्चों और प्रकोष्ठों के प्रदेश संयोजक भी शामिल होंगे। इसके अलावा वे भाजपा कोर कमेटी की बैठक भी लेंगे और संगठन विस्तार, आगामी कार्यक्रमों तथा चुनावी रणनीति को लेकर मार्गदर्शन देंगे।
April 23, 2026
राजस्थान न्यूज़: जयपुर। राजस्थान की पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे के नाम से फर्जी लेटर और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) तकनीक से बनाए गए वीडियो को सोशल मीडिया पर वायरल करने के मामले में जयपुर पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपियों को अलग-अलग राज्यों से पकड़कर जयपुर लाया है, जहां उनसे पूछताछ की जा रही है। डीसीपी साउथ राजश्री राज ने बताया कि ज्योति नगर थाना पुलिस ने निखिल, बिलाल खान और इनाम अहमद को भोपाल से गिरफ्तार किया है। वहीं अमृता धुमाल को मोहाली से पकड़ा गया। चारों आरोपियों को बुधवार को जयपुर लाया गया, जहां उनसे पूछताछ जारी है। पुलिस जांच में सामने आया है कि पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे के नाम से राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) प्रमुख मोहन भागवत को संबोधित एक फर्जी पत्र सोशल मीडिया पर शेयर किया गया था। इस पत्र में कथित रूप से राजनीतिक संदेश और भ्रामक जानकारी दी गई थी। इसके बाद इसी फर्जी लेटर को AI तकनीक की मदद से वीडियो के रूप में तैयार कर और अधिक लोगों तक पहुंचाने की कोशिश की गई। पुलिस कमिश्नर सचिन मित्तल के निर्देश पर इस पूरे मामले में विशेष कार्रवाई की गई। साइबर टीम और स्थानीय पुलिस की संयुक्त कार्रवाई के बाद आरोपियों की लोकेशन ट्रेस कर उन्हें गिरफ्तार किया गया। अब पुलिस आरोपियों को कोर्ट में पेश कर पुलिस कस्टडी (PC) की मांग करेगी, ताकि उनसे गहन पूछताछ कर यह पता लगाया जा सके कि इस फर्जी कंटेंट को तैयार करने और वायरल करने के पीछे कौन-कौन लोग शामिल थे। फिलहाल पुलिस इस पूरे नेटवर्क की जांच में जुटी हुई है। यह भी पता लगाया जा रहा है कि आरोपियों का किसी संगठित साइबर गिरोह या राजनीतिक एजेंडे से संबंध है या नहीं। मामले के खुलासे के बाद राजस्थान की राजनीति और सोशल मीडिया पर हलचल तेज हो गई है।
April 22, 2026
राजस्थान न्यूज़: जयपुर। राजस्थान ड्रग कंट्रोल डिपार्टमेंट ने बड़ी कार्रवाई करते हुए 7 अलग-अलग कंपनियों की दवाइयों को जांच में अमानक (Not of Standard Quality) पाया है। इन दवाइयों में बैक्टीरियल इन्फेक्शन के इलाज में उपयोग आने वाली सिरप, खांसी की सिरप, एंटीबायोटिक और गठिया रोग जैसी बीमारियों में काम आने वाली दवाइयां शामिल हैं। इस खुलासे के बाद स्वास्थ्य विभाग और दवा बाजार में हड़कंप मच गया है। राजस्थान के ड्रग कंट्रोलर अजय पाठक ने बताया कि इन दवाइयों के सैंपल 1 से 15 अप्रैल के बीच प्रदेश के अलग-अलग स्थानों से लिए गए थे। अब इनकी जांच रिपोर्ट आने के बाद 7 दवाइयों के सैंपल अमानक पाए गए हैं। उन्होंने बताया कि इनमें दो दवाइयां बैक्टीरियल इंफेक्शन के इलाज में उपयोग होती हैं, जबकि एक एंटीबायोटिक, एक खांसी की सिरप और अन्य दवाइयां भी शामिल हैं। जांच में अमानक पाई गई दवाइयों में Lark Laboratories (India) Ltd., भिवाड़ी (अलवर) द्वारा निर्मित ‘लोरामिक्स सिरप’ (Cefixime Oral Suspension) शामिल है, जो बैक्टीरियल इंफेक्शन के इलाज में उपयोग होती है। Affy Parenterals द्वारा बनाई गई ‘एल्बेंडाजोल टैबलेट’ भी जांच में फेल हुई, जिसका उपयोग पेट के कीड़ों को खत्म करने में किया जाता है। इसी तरह Akkovale Pharma Pvt. Ltd. और डिजिटल मिशन द्वारा बनाई गई ‘आईसटोकफ-LS’ सिरप (Ambroxol, Levosalbutamol and Guaiphenesin), जो खांसी और कफ निकालने में उपयोग होती है, अमानक पाई गई। United Biotech Pvt. Ltd., हरिद्वार द्वारा निर्मित ‘मिथाइलप्रेडनिसोलोन-4’ टैबलेट, जो सूजन और गठिया रोग में काम आती है, भी जांच में फेल हुई। इसके अलावा Tuxa Lifesciences Pvt. Ltd. की ‘ओकुफ-DX’ सिरप, जो सूखी खांसी के इलाज में काम आती है, VADSP Pharmaceuticals की ‘एक्सटेंसिव-500’ (Cefuroxime Axetil), और Omega Pharma की ‘सिप्रोफ्लोक्सासिन 500’ एंटीबायोटिक दवा भी अमानक पाई गई है। स्वास्थ्य विभाग अब इन दवाइयों की बिक्री पर रोक लगाने और संबंधित कंपनियों के खिलाफ कार्रवाई की तैयारी में है। विशेषज्ञों का कहना है कि अमानक दवाइयों का सेवन मरीजों की सेहत के लिए गंभीर खतरा पैदा कर सकता है।
April 21, 2026
राजस्थान न्यूज़: राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने 21 अप्रैल को पचपदरा स्थित HPCL राजस्थान रिफाइनरी लिमिटेड का दौरा कर रिफाइनरी परिसर में हाल ही में हुई आग की घटना का जायजा लिया। इस दौरान उन्होंने अधिकारियों के साथ उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक कर सुरक्षा चूक और तकनीकी कारणों पर विस्तृत चर्चा की तथा पूरे मामले की गहन जांच के निर्देश दिए। मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि इस घटना को अत्यंत गंभीरता से लिया गया है और दोषियों की जिम्मेदारी तय की जाएगी। भजनलाल शर्मा ने बताया कि HPCL अधिकारियों द्वारा दी गई प्रारंभिक जानकारी के अनुसार नुकसान सीमित क्षेत्र तक ही रहा है और स्थिति नियंत्रण में है। उन्होंने आश्वस्त किया कि राज्य सरकार HPCL को हर संभव सहयोग प्रदान करेगी, ताकि इस महत्वपूर्ण और महत्वाकांक्षी परियोजना को जल्द से जल्द पुनः संचालित किया जा सके। उन्होंने यह भी कहा कि पचपदरा रिफाइनरी प्रदेश के औद्योगिक विकास और ऊर्जा क्षेत्र के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है, इसलिए इसकी सुरक्षा और संचालन को लेकर किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। सरकार भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए सभी आवश्यक कदम उठाएगी।
April 21, 2026
राजस्थान न्यूज़: राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने 21 अप्रैल को पचपदरा स्थित HPCL राजस्थान रिफाइनरी लिमिटेड का दौरा कर रिफाइनरी परिसर में हाल ही में हुई आग की घटना का जायजा लिया। इस दौरान उन्होंने अधिकारियों के साथ उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक कर सुरक्षा चूक और तकनीकी कारणों पर विस्तृत चर्चा की तथा पूरे मामले की गहन जांच के निर्देश दिए। मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि इस घटना को अत्यंत गंभीरता से लिया गया है और दोषियों की जिम्मेदारी तय की जाएगी। निरीक्षण के दौरान मुख्यमंत्री ने क्रूड डिस्टिलेशन यूनिट (CDU) में लगी आग पर तत्परता से काबू पाने वाले अग्निशमन कर्मियों और आपातकालीन प्रतिक्रिया दलों से भी मुलाकात कर उनके प्रयासों की सराहना की। उन्होंने कहा कि ऐसी आपात स्थितियों में टीमों की त्वरित कार्रवाई से बड़े नुकसान को टाला जा सका, जो सराहनीय है। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने बताया कि HPCL अधिकारियों द्वारा दी गई प्रारंभिक जानकारी के अनुसार नुकसान सीमित क्षेत्र तक ही रहा है और स्थिति नियंत्रण में है। उन्होंने आश्वस्त किया कि राज्य सरकार HPCL को हर संभव सहयोग प्रदान करेगी, ताकि इस महत्वपूर्ण और महत्वाकांक्षी परियोजना को जल्द से जल्द पुनः संचालित किया जा सके। उन्होंने यह भी कहा कि पचपदरा रिफाइनरी प्रदेश के औद्योगिक विकास और ऊर्जा क्षेत्र के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है, इसलिए इसकी सुरक्षा और संचालन को लेकर किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। सरकार भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए सभी आवश्यक कदम उठाएगी।
April 21, 2026
राजस्थान न्यूज़: जयपुर। राजस्थान हाईकोर्ट ने अजमेर डेयरी (जिला दुग्ध उत्पादक सहकारी संघ) के मामले में महत्वपूर्ण अंतरिम राहत देते हुए निर्वाचित अध्यक्ष रामचंद्र चौधरी के पक्ष में आदेश पारित किया है। कोर्ट ने राज्य सरकार द्वारा संचालक मंडल को भंग करने की कार्रवाई पर रोक लगाते हुए 15 मई तक यथास्थिति बनाए रखने के निर्देश दिए हैं। साथ ही स्पष्ट किया गया है कि इस अवधि में न तो संचालक मंडल भंग किया जाएगा और न ही प्रशासक नियुक्त किया जाएगा। मामले में याचिकाकर्ता की ओर से दलील दी गई कि निर्वाचित बोर्ड को हटाने की प्रक्रिया लोकतांत्रिक सिद्धांतों के विपरीत है और बिना उचित कारण तथा प्रक्रिया का पालन किए सरकार हस्तक्षेप कर रही है। राज्य सरकार की ओर से तर्क रखा गया कि सहकारी संस्थाओं के संचालन में अनियमितताओं की शिकायतें हैं, जिनके मद्देनज़र प्रशासनिक कदम उठाए गए। दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बादराजस्थान हाई कोर्टने अंतरिम राहत देते हुए फिलहाल किसी भी कठोर कार्रवाई पर रोक लगा दी। सूत्रों के अनुसार राज्य स्तर पर बोर्ड भंग कर प्रशासक नियुक्त करने की तैयारी चल रही थी। यदि यह कदम लागू होता, तो डेयरी के संचालन और आगामी चुनावी प्रक्रिया पर सीधा असर पड़ता। कोर्ट के आदेश के बाद अब स्थिति पूर्ववत रहेगी और बोर्ड अपने कार्य करता रहेगा। मामले की अगली सुनवाई तक सरकार को स्थिति में कोई बदलाव नहीं करने का निर्देश दिया गया है। यह आदेश सहकारी संस्थाओं में निर्वाचित निकायों की स्वायत्तता और प्रशासनिक हस्तक्षेप की सीमा को लेकर महत्वपूर्ण माना जा रहा है। अब सभी पक्षों की निगाहें अगली सुनवाई पर टिकी हैं, जहां इस विवाद के दीर्घकालिक समाधान की दिशा तय होगी।