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December 21, 2022
राजस्थान लोक सेवा आयोग चेयरमैन संजय श्रोत्रीय ने 74 वें स्थापना दिवस पर मीडिया से बातचीत करते हुए बताया कि आगामी 2023 में उपनिरीक्षक प्लाटून कमांडर संयुक्त प्रतियोगी परीक्षा 2021 के 3291 अभ्यर्थियों और राजस्थान राज्य एवं अधीनस्थ संयुक्त प्रतियोगी परीक्षा 2021 के 2174 अभ्यर्थियों का साक्षात्कार प्रस्तावित हैं, जिन्हें अगले महीने से ही शुरू करने का प्रयास जाएगा. राजस्थान लोक सेवा आयोग आज अपना 74 वां स्थापना दिवस) मना रहा है. इस अवसर पर आरपीएससी चेयरमैन संजय श्रोत्रीय व सचिव हरजीलाल अटल, सदस्य डॉ. जसवंत राठी , संयुक्त सचिव आशुतोष गुप्ता, के अलावा सभी सदस्यों ने मीडिया से बातचीत करते हुए 1 साल का लेखा जोखा सामने रखा. गत वर्ष उनकी क्या प्राथमिकताएं होंगी? इसकी भी जानकारी दी. चेयरमैन संजय श्रोत्रीय ने बताया कि आरपीएससी एक संवैधानिक संस्था है,लेकिन यह फाइनेशल संवैधानिक संस्था नहीं है. इसे हर छोटे बड़े काम के लिए सरकार से राहत लेनी पड़ती है, जिसके कारण कई समस्याएं भी सामने आती है और परीक्षा और इंटरव्यू में देरी का भी एक बड़ा कारण यह है.
इस इंटरव्यू के पश्चात ही आरएएस 2018 इंटरव्यू भी यथासंभव शुरू किए जाएंगे. कॉलेज व्याख्याता भर्ती 2014 की तरह इसे भी 2 साल के भीतर पूर्ण करने का प्रयास किया जाएगा. कॉलेज व्याख्याता की 31 विषयों के इंटरव्यू अब तक पूर्ण कर लिए गए हैं. आरपीएससी सिस्टम से चलता है और ऐसे में कई समस्याएं भी उसके सामने चुनौती बनकर आती है, लेकिन फिर भी वह अभ्यर्थियों को ज्यादा से ज्यादा राहत प्रदान करने का काम कर रहा है,वहीं, उन्होंने बताया कि विगत 1 साल में ज्यादा से ज्यादा परीक्षाएं आयोजित करवाई गईं. 1 साल में 92 विभिन्न परीक्षाएं आयोजित हुईं जिसमें 19 लाख 72 हजार 309 अभ्यर्थी शामिल हुए. वहीं, बीते साल 96 परीक्षा परिणाम को भी जारी किया गया. जिसमें 13074 अभ्यर्थियों को चयनित भी किया गया. इसी आरपीएससी 148 दिवसों में 40 से अधिक साक्षात्कार एजेंडे निर्धारित किए. जिनमें 6265 अभ्यर्थियों के साक्षात्कार किए गए उन्होंने कहा कि वन टाइम रजिस्ट्रेशन में भी विभाग बेहतर काम कर रहा है. अब तक 33 लाख 44 हजार अभ्यर्थियों को पंजीकृत किया जा चुका है आरपीएससी ने इस बार न्यायिक विवादों को सुलझाने के लिए कमेटी बनाई थी, इस क्षेत्र में भी बेहतर काम किया है प्री लिटिगेशन के तहत 527 मामलों का निस्तारण किया गया.वहीं, 450 लिटिगेशन हाईकोर्ट या सुप्रीम कोर्ट में लंबित थी जिन्हें भी निस्तारित किया गया. जिनमें 340 लिटिगेशन आयोग के पक्ष में निर्णय आया आयोग ने अपने स्तर पर भी सेवा नियमों के नवनिर्माण और संशोधन के 127 प्रस्ताव का गहनता से प्रशिक्षण कर सहमति प्रदान की जिससे कि परीक्षाएं सुचारू रूप से तय समय पर हो सके इस दौरान अनुशासनात्मक कार्रवाई के 146 प्रकरणों में आयोग द्वारा गुणवत्तापूर्ण जांच की गई.आरपीएससी इस वर्ष 474 डीपीसी बैठकों का भी आयोजन किया. जिसमें से 7662 अधिकारियों को पदोन्नति हेतु अनुशंसा भी की गई वहीं विभागीय स्तर पर भी इस वर्ष 80 अधिकारियों व कर्मचारियों को पदोन्नत किया गया परीक्षा आयोजन के पश्चात उत्तर कुंजी सत्यापन में भी इस वर्ष बेहतर काम हुआ है. वहीं, परीक्षाओं में नकल रोकने और तय समय पर परीक्षाओं के आयोजन के साथ निष्पक्ष रूप से यह परीक्षा आयोजित हो इसे लेकर कई नवाचार भी किए गए. इन चारों के साथ ही आयोग अब तक की सबसे बड़ी परीक्षा वरिष्ठ अध्यापक 2022 माध्यमिक शिक्षा का आयोजन करवा रहा है,जिसमें 1223524 अभ्यर्थी शामिल हो रहे हैं इसका उपखंड स्तर तक परीक्षा केंद्र बनाकर आयोजन करवाया जा रहा है आरएएस परीक्षा 2018 और कॉलेज व्याख्याता परीक्षा 2014 का इंटरव्यू जल्द ही किया जाएगा. इन्हें 2 साल में पूरी करने का प्रयास भी किया जा रहा है.
आरपीएससी चेयरमैन संजय श्रोत्रिय ने बताया कि आरपीएससी देश के उच्चतम पायदान में आता है और बेहतर कार्य के लिए जाना जाता है लेकिन संसाधन की कमी से इससे जूझना पड़ रहा है ऐसे में सरकार को इस पर फोकस करना चाहिए जिससे कि युवाओं को समय पर भरोसा दिलाया जा सके छोटी बड़ी कई समस्याएं सामने आती है जिन्हें सरकार दूर कर सकती है.
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