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June 28, 2022
स्थानीय निधि अंकेक्षण विभाग की संभागीय प्रशासनिक समिति की बैठक मंगलवार को संभागीय आयुक्त बी.एल. मेहरा की अध्यक्षता में आयोजित हुई।
बैठक में विभाग के अतिरिक्त निदेशक शेलेन्द्र कुमार परिहार ने संभाग की प्रगति से अवगत कराया।
संभागीय आयुक्त बी.एल. मेहरा ने कहा कि स्वायत्तशासी संस्थाओं में बकाया सामान्य आक्षेपों, ए एवं बी श्रेणी आक्षेपों तथा गबन प्रकरणों का तत्काल प्रभाव से निस्तारण किया जाए। बकाया प्रथम अनुपालना प्रकरण एवं बकाया अंकेक्षण शुल्क संबंधित प्रकरणों का भी निस्तारण सुनिश्चित किया जाए। विभिन्न ऑडिट पैरा से जुड़े प्रकरणों के लिए प्रत्येक स्वायत्तशासी संस्था को नोडल अधिकारी नियुक्त करना चाहिए। आक्षेपों के त्वरित निस्तारण के लिए शिविर भी लगाए जाये।
उन्होंने कहा कि विभिन्न आक्षेपों की अनुपालना रिपोर्ट लेखा अधिकारी नियंत्रण अधिकारी के माध्यम से निधि अंकेक्षण विभाग को भेजेंगे। विभिन्न स्तरों पर पेंडिंग वसूली प्रकरणों पर विशेष ध्यान दिया जाना आवश्यक है। इस प्रकार के प्रकरणों का गंभीरता के साथ त्वरित निस्तारण किया जाना चाहिए। गबन के प्रकरणों पर प्राथमिकता के साथ एफआईआर दर्ज करने की कार्यवाही की जाए। यह कार्य नियंत्रण अधिकारी के द्वारा किया जाए। गबन करने वाले कार्मिकों से सम्पूर्ण राशि ब्याज सहित वसूलने का प्रयास हो।
बैठक में अनुपस्थित अधिकारियों को कारण बताओं नोटिस किए जाएंगे।
इस अवसर पर अजमेर विकास प्राधिकरण के आयुक्त अक्षय गोदारा, सचिव किशोर कुमार, जिला परिषद के मुख्य कार्यकारी अधिकारी मुरारी लाल वर्मा एवं शिप्रा जैन, स्थानीय निकाय विभाग की उपनिदेशक श्रीमती अनुपमा टेलर, देवस्थान विभाग के सहायक आयुक्त गौरव सोनी, जिला उद्योग केन्द्र के महाप्रबंधक रवीश शर्मा सहित अन्य अधिकारी उपस्थित थे।