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October 12, 2022
" शिक्षा का अधिकार बच्चों का मूल अधिकार है"
शिक्षा द्वारा राष्ट्र निर्माण अभियान के तहत जिला विधिक सेवा प्राधिकरण द्वारा ड्रोपआउट बच्चों की ली गई वस्तुस्थिति
आज दिनांक 12.10.2022 को रामपाल जाट सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकरण (अपर जिला एवं सेशन न्यायाधीश), अजमेर की अध्यक्षता में एडीआर सेन्टर के सभागार में शलसा द्वारा चलाए गए अभियान शिक्षा द्वारा राष्ट्र निमार्ण के तहत आउट ऑफ स्कूल चिल्ड्रिन व ड्रापआउट बच्चों के सम्बन्ध में बैठक का आयोजन किया गया। बैठक में जिला शिक्षा अधिकारी, बाल कल्याण समिति की अध्यक्ष अंजली शर्मा, जिला बाल संरक्षण ईकाई, सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग व एनजीओ द्वारा भी भाग लिया गया। जिला शिक्षा अधिकारी द्वारा प्राप्त सूचना के अनुसार प्रवेशोत्सव अभियान 2022-23 में आउट ऑफ स्कूल चिल्ड्रन 3834 व ड्रापआउट बच्चे 506 में से 3618 बों को स्कूल में एन्टोल व पुनः प्रवेश दिल्याया गया है तथा 722 बच्चे अभी भी दूर बतलाए हैं तथा शहरी क्षेत्र में 34 बच्चे ड्रॉपआउट तथा कुल 132 बच्चे आउट ऑफ स्कूल बताए है तथा 1071 विद्यार्थियों के स्कूल नहीं आने से नाम प्रथक कर देना बतलाया है। इस सम्बन्ध में सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकरण द्वारा जिला शिक्षा अधिकारी व अन्य अधिकारीगण से विचार-विमर्श किया गया तो बताया गया कि 1265 बच्चे पर्वमान में आउट ऑफ स्कूल थे जिनकी संख्या घटकर केवल 722 रह गई है जिनका भी जल्द ही स्कूल में प्रवेश दिला दिया जाएगा। विचार-विमर्श के दौरान यह भी सामने आया कि ग्रामीण क्षेत्रों में घरेलू कार्यों लड़कियों की असुरक्षा, बाल विवाह हो जाना, गरीबी, स्कूल से दूरी पर निवास करना आदि ऐसे कारण है जिनसे बच्चे स्कूल से ड्रॉपआउट हो जाते हैं तथा शहरी क्षेत्रों में ज्यादातर कच्ची बस्तियों व गरीब क्षेत्र के बच्चों के नामांकन किए जाने के पश्चात भी वो लगातार स्कूल में जाने में असमर्थ रहते है जिसका कारण गरीबी, घर वालों की काम धन्धे में मदद करना, बाल श्रम आदि बताया। इस सम्बन्ध में सचिव जिला विधिक सेवा प्रणने विभिन्न स्टेकहोल्डर्स यथा चाईल्डलाई बाल कल्याण समिति, जिला बाल सं कई विभाग आदि को इस प्रकार के को चिन्हित कर पुनः स्कूल भिजवाए जाने के लिए निर्देशित किया ।
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