November 22, 2024
राष्ट्रीय न्यूज़: अजमेर, 22 नवम्बर। जल संसाधन मंत्री श्री सुरेश सिंह जी रावत ने दो दिवसीय उत्तर प्रदेश यात्रा के दौरान उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री श्री योगी आदित्यनाथ से शिष्टाचार भेंट की। इस अवसर पर मुख्यमंत्री श्री योगी को तीर्थराज पुष्कर की यात्रा के लिए आमंत्रित भी किया एवं राजस्थान और उत्तर प्रदेश के मध्य जल संसाधनों की सहभागिता और कार्य योजना के संदर्भ में संवाद किया। मुख्यमंत्री श्री योगी ने राजस्थान में भाजपा सरकार द्वारा जल उपलब्धता की दिशा में एक वर्ष में किए गए अभूतपूर्व निर्णयों की सराहना की और इसे ऎतिहासिक बताया। साथ ही उन्होंने योगी जी को पुष्कर में बनाए जा रहे ब्रह्मा कॉरिडोर एवं विकास कार्यों की कार्ययोजना के संदर्भ में भी विस्तृत जानकारी दी। श्री रावत को योगी जी ने गणपति जी की प्रतिमा भेंट की। उत्तर प्रदेश के अतिथि के रूप में आतिथ्य सेवा प्रदान करने के लिए श्री रावत ने उत्तर प्रदेश सरकार के प्रति आभार व्यक्त किया।
November 20, 2024
राष्ट्रीय न्यूज़: लोकमंथन 2024, एक वैश्विक सांस्कृतिक महोत्सव, का भव्य उद्घाटन 22 नवंबर को राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू द्वारा हैदराबाद में किया जाएगा। इस चार दिवसीय कार्यक्रम का विषय "लोकवलोकन (विचार, व्यवहार, व्यवस्था)" है, जिसका उद्देश्य विभिन्न संस्कृतियों और परंपराओं के बीच विभाजन को समाप्त करना और राष्ट्र बोध को मजबूत करना है। इस कार्यक्रम में तेलंगाना के राज्यपाल जिष्णु देव वर्मा, मुख्यमंत्री ए. रेवंत रेड्डी, संघ प्रमुख मोहन भागवत, और केंद्रीय मंत्री जी किशन रेड्डी सहित कई प्रतिष्ठित नेता हिस्सा लेंगे। कार्यक्रम की मुख्य विशेषताएं: अंतरराष्ट्रीय प्रस्तुतियां: लिथुआनिया, आर्मेनिया, बाली के कलाकार अपनी सांस्कृतिक प्रस्तुतियां देंगे। कुर्दिस्तान के यजीदी समुदाय और रोमानियन समुदाय सूर्य पूजा अनुष्ठान और पारंपरिक प्रदर्शन प्रस्तुत करेंगे। सांस्कृतिक विविधता का प्रदर्शन: अहिल्याबाई होलकर के जन्म की त्रिशताब्दी पर संस्कार भारती द्वारा हिंदी नाटक 'पुण्यश्लोक लोकमाता' की प्रस्तुति होगी। मांड गायिका बेगम बैतूल बानो का भक्ति गायन और मलयालम अभिनेत्री व कुचिपुड़ी नृत्यांगना रचना नारायण कुट्टी की प्रस्तुति 'कला संकर्षणी प्रवेश' कार्यक्रम की शोभा बढ़ाएगी। तेलंगाना के कलाकारों की जुगलबंदी और आर्मेनियन कलाकारों की संगीत प्रस्तुति भी विशेष आकर्षण होंगे। प्रदर्शनी का उद्घाटन: 21 नवंबर को पूर्व उपराष्ट्रपति वेंकैया नायडू एक प्रदर्शनी का उद्घाटन करेंगे, जिसमें काकतीय और विजयनगरम साम्राज्यों और भारतीय जनपद संस्कृति की विरासत को दर्शाया जाएगा। इस प्रदर्शनी में छत्तीसगढ़, राजस्थान, गुजरात, मध्य प्रदेश, त्रिपुरा, उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड, और तेलंगाना जैसे 10 राज्यों के मंडप होंगे। तकनीकी सत्र और मंथन: लोकजीवन दृष्टि, विज्ञान, अर्थशास्त्र, साहित्य, पर्यावरण, न्याय और विकास जैसे विषयों पर 150 से अधिक तकनीकी सत्र आयोजित होंगे। इन सत्रों में प्रख्यात विद्वान, विचारक, शोधकर्ता, कलाकार और कार्यकर्ता शामिल होंगे।
November 20, 2024
राष्ट्रीय न्यूज़: मदनगंज-किशनगढ़, 20 नवम्बर। केंद्रीय कृषि राज्य मंत्री श्री भागीरथ चौधरी ने मध्य प्रदेश प्रवास के दूसरे दिन सागर जिले में जैन मुनि सुधासागर महाराज के प्रवचन सुनकर आशीर्वाद लिया। साथ ही कुंडलपुर में स्थानीय आमजन में बड़े बाबा के नाम से प्रसिद्ध भगवान आदिनाथ के किए। केंद्रीय कृषि एवं किसान कल्याण राज्य मंत्री श्री भागीरथ चौधरी ने अपने मध्यप्रदेश प्रवास के दौरान धार्मिक और आध्यात्मिक स्थलों का दौरा किया। सागर जिले के भाग्योदय में उन्होंने जैन मुनि पुंगव 108 श्री सुधासागर महाराज के सानिध्य में चल रहे मंगल प्रवचन में शामिल होकर उनका दर्शन और आशीर्वाद प्राप्त किया। भाग्योदय पहुंचने पर केंद्रीय मंत्री ने जैन मुनि सुधासागर महाराज के मंगल प्रवचन का श्रवण किया। उन्होंने महाराज से आशीर्वाद लेकर देश और किसानों की समृद्धि और कल्याण की कामना की। इस दौरान श्री चौधरी ने जैन धर्म के सिद्धांतों और मानवता के प्रति इसकी शिक्षाओं को सराहा। इस दौरान जैन समाज के प्रबुद्ध लोगों ने केंद्रीय मंत्री का श्रीफल भेंट कर स्वागत किया। श्री चौधरी ने बताया कि जैन मुनि की प्रेरणा से उन्होंने पिछले 24 वर्षों से रात्रि भोजन का त्याग कर रखा है। इस संयम पथ पालन करने को लेकर जैन मुनि ने केंद्रीय मंत्री की सराहना की। श्री चौधरी ने सुधा सागर महाराज से जैन तीर्थ नारेली पधारने का निवेदन किया। कुंडलपुर में भगवान आदिनाथ के दर्शन अपने प्रवास के पहले दिन श्री भागीरथ चौधरी ने दमोह जिले के प्रसिद्ध जैन तीर्थ कुंडलपुर में भगवान श्री 1008 आदिनाथ, जिन्हें बड़े बाबा के नाम से जाना जाता है, के दर्शन किए। उन्होंने आरती में भाग लेकर भगवान आदिनाथ से सभी के मंगल और कल्याण के लिए प्रार्थना की।
November 19, 2024
राष्ट्रीय न्यूज़: नई दिल्ली। रेल यात्रा के प्रति आमजनों की लगातार बढ़ती रुचि और आकर्षण के मद्देनजर रेलवे भी तदनुरूप सुविधाओं के विस्तार को गति दे रहा है। इस क्रम में रेलवे ने बीते तीन माह में ही विभिन्न ट्रेनों में सामान्य श्रेणी (जीएस) के करीब छह सौ नये अतिरिक्त कोच जोड़े हैं। ये सभी कोच नियमित ट्रेनों में जोड़े गए हैं। इतना ही नहीं, चालू नवंबर माह में जीएस श्रेणी के ऐसे एक हजार से ज्यादा कोच करीब साढ़े छह सौ नियमित ट्रेनों में जोड़ दिए जााएंगे। एक अनुमान के मुताबिक रेलवे के बेड़े में इन नये जीएस कोचों के जुड़ने से रोजाना करीब एक लाख यात्री लाभान्वित होंगे। इनके अलावा आगामी दो वर्षों में बड़ी संख्या में जीएस श्रेणी के कोचों को रेलवे के बेड़े में शामिल करने की योजना पर तेजी से काम चल रहा है। रेलवे बोर्ड ने सामान्य श्रेणी के रेल यात्रियों की नई सुविधाओं के बारे में यहां विस्तार से जानकारी दी है। रेलवे बोर्ड के कार्यकारी निदेशक (सूचना व प्रचार) दिलीप कुमार ने बताया कि सामान्य श्रेणी के यात्री रेलवे की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में शामिल हैं। इस श्रेणी के यात्रियों को अधिकतम सुविधा मुहैया कराने की दिशा में रेलवे विभिन्न दिशाओं में कार्य कर रहा है। इसके तहत बीते जुलाई से अक्टूबर के तीन माह के दौरान जीएस श्रेणी के कुल 583 नये कोचों का निर्माण किया गया। साथ ही इन नवनिर्मित कोचोंं को 229 नियमित ट्रेनों में जोड़ा गया है। इससे रोजाना हजारों अतिरिक्त यात्रियों को लाभ मिल रहा है। उन्होंने बताया कि इस नवंबर माह तक जीएस श्रेणी के कुल एक हजार से ज्यादा नये कोच तैयार होकर रेलवे के बेड़े में जुड़ जाएंगे। इन्हें 647 नियमित ट्रेनों में जोड़ा जाएगा। इन डिब्बों के शामिल होने से रोजाना करीब एक लाख अतिरिक्त सवारी रेल यात्रा के सफर का लाभ उठा पाएंगे।
November 19, 2024
राष्ट्रीय न्यूज़: केंद्रीय कृषि एवं किसान कल्याण राज्य मंत्री भागीरथ चौधरी ने अपने मध्यप्रदेश प्रवास के दौरान मंगलवार को दमोह जिला कलेक्टर सभागार में आयोजित कृषि और अन्य विभागों की समीक्षा बैठक में भाग लिया। इस बैठक में उन्होंने अधिकारियों और किसान बंधुओं से संवाद स्थापित किया। बैठक के दौरान केंद्रीय मंत्री ने "एक जिला-एक उत्पाद" योजना के जमीनी क्रियान्वयन की गहन समीक्षा की। उन्होंने योजना के महत्व को रेखांकित करते हुए कहा कि इसका उद्देश्य स्थानीय उत्पादों को राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय पहचान दिलाना है, ताकि क्षेत्रीय विकास को बढ़ावा मिले और ग्रामीण क्षेत्रों के लोगों को अधिक से अधिक रोजगार के अवसर प्राप्त हों। "एक जिला-एक उत्पाद" योजना के तहत स्थानीय उत्पादों के बेहतर क्रियान्वयन और दमोह जिले में इसके सफल भविष्य की संभावनाओं पर चर्चा भी की गई। इस मौके पर दमोह पहुँचने पर मध्यप्रदेश ओबीसी आयोग के अध्यक्ष और पूर्व कृषि मंत्री डॉ. रामकृष्ण कुसमारिया, भाजपा जिलाध्यक्ष प्रीतम सिंह, और जिला कोषाध्यक्ष सुरेश पटेल सहित कई पार्टी पदाधिकारियों एवं कार्यकर्ताओं ने उनका गर्मजोशी से स्वागत किया। केंद्रीय मंत्री ने इस अपनत्व भरे स्वागत के लिए सभी का आभार व्यक्त किया।
November 17, 2024
राष्ट्रीय न्यूज़: दिल्ली सरकार को आज सुबह बड़ा झटका लगा जब परिवहन मंत्री कैलाश गहलोत ने आम आदमी पार्टी (आप) से इस्तीफा दे दिया। गहलोत ने पार्टी संयोजक अरविंद केजरीवाल को लिखे अपने इस्तीफे में पार्टी और सरकार पर कई गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि आम आदमी पार्टी और दिल्ली सरकार का ध्यान जनता की समस्याओं के समाधान के बजाय केंद्र सरकार से विवाद करने में ही लगा रहता है। परिवहन मंत्री गहलोत ने आरोप लगाया कि पार्टी जनता से किए वादों को पूरा करने में असफल रही है। उन्होंने कहा कि हमने जनता से यमुना की सफाई और प्रदूषण कम करने का वादा किया था, लेकिन पिछले दस सालों में इस दिशा में कोई सार्थक कदम नहीं उठाया गया। गहलोत ने यह भी लिखा कि वादे के बावजूद यमुना की हालत बद से बदतर होती गई और प्रदूषण लगातार बढ़ता रहा। परिवहन मंत्री गहलोत ने केजरीवाल के सरकारी आवास के रिनोवेशन पर भी सवाल उठाए। उन्होंने लिखा कि हमने सादगी का वादा किया था, लेकिन मुख्यमंत्री आवास को रिनोवेशन के नाम पर 'शीश महल' में बदल दिया गया। जनता की गाढ़ी कमाई के करोड़ों रुपये इस पर खर्च कर दिए गए। यह जनता के साथ धोखा है। परिवहन मंत्री गहलोत ने पार्टी पर जनता की अपेक्षाओं को नजरअंदाज करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार से तालमेल न होने की वजह से जनहित के कार्य बाधित हो रहे हैं और जनता को वादे के मुताबिक सुविधाएं नहीं मिल पा रही हैं। परिवहन मंत्री गहलोत ने कहा कि आम आदमी पार्टी का ध्यान केंद्र सरकार के साथ आरोप-प्रत्यारोप में उलझा रहता है, जिससे विकास कार्य प्रभावित हो रहे हैं। उन्होंने यह भी कहा कि पार्टी का उद्देश्य जनता की भलाई के बजाय केंद्र से संघर्ष करना बन गया है।
November 17, 2024
राष्ट्रीय न्यूज़: मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव के तहत मिरा भाईंदर में महायुति गठबंधन के प्रत्याशी नरेन्द्र मेहता के समर्थन में आयोजित राजस्थानी समाज सम्मेलन को संबोधित किया। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश में अभूतपूर्व बदलाव हुए हैं, जिनसे जनता का भाजपा पर विश्वास और मजबूत हुआ है। शर्मा ने कहा कि देश में लंबे समय तक भाजपा का स्थायी शासन रहेगा। मुख्यमंत्री शर्मा ने कहा कि 2014 के बाद प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में गरीब कल्याण योजनाओं, आतंकवाद और नक्सलवाद के खात्मे, और वैश्विक स्तर पर भारत के गौरव में वृद्धि हुई है। उन्होंने राजस्थान और महाराष्ट्र की डबल इंजन सरकार के विकास कार्यों की प्रशंसा करते हुए कहा कि भाजपा सरकार ने अपने सभी वादे समय पर पूरे किए हैं। मुख्यमंत्री शर्मा ने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कि उनके शासनकाल में देश को लूटा गया और भ्रष्टाचार चरम पर था। कांग्रेस की नीतियां तुष्टीकरण और जातिवाद पर आधारित थीं। उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार, जो वादा करती है, वह पूरा करती है। मुख्यमंत्री ने प्रवासी राजस्थानियों की प्रशंसा करते हुए कहा कि उन्होंने महाराष्ट्र में अपनी मेहनत और लगन से पहचान बनाई है। उन्होंने प्रवासी राजस्थानियों को 9-11 दिसंबर को राजस्थान में होने वाले "राइजिंग राजस्थान ग्लोबल इन्वेस्टमेंट समिट" में भाग लेने का निमंत्रण दिया। मुख्यमंत्री शर्मा ने महायुति प्रत्याशी नरेन्द्र मेहता के समर्थन में लोगों से भारी संख्या में मतदान करने की अपील की। उन्होंने कहा कि लोगों को भाजपा सरकार के सुशासन और विकास कार्यों के बारे में अधिक से अधिक जानकारी देनी चाहिए।
November 17, 2024
राष्ट्रीय न्यूज़: नई कार खरीदने की पार्टी, हाइस्पीड बड़ी गाड़ी और छ: की मौत : सवाल और सबक ! वेद माथुर यह घटना देहरादून में 11 नवंबर की देर रात घटी, जिसमें नई पार्टी कर खरीदने की खुशी में पार्टी हुई और पार्टी के बाद रात 1:30 बजे सात लोग हाई स्पीड से लॉन्ग ड्राइव पर निकले और एक कंटेनर से टकरा गए। 6 लोगों की मौके पर ही मौत हो गई जबकि सातवां जीवन-मृत्यु के बीच संघर्ष कर रहा है। घटना में मृत युवाओं में 3 लड़कियां और 3 लड़के थे। इन युवाओं की औसत आयु 23 से 25 वर्ष थी। खबरों के अनुसार, देहरादून के पटाखा कारोबारी सुनील अग्रवाल के बेटे अतुल ने अपने सात दोस्तों को नई इनोवा कार खरीदने की खुशी में पार्टी दी थी। पार्टी के बाद ये सभी रात डेढ़ बजे लॉन्ग ड्राइव पर निकले। घटना इतनी भयावह थी कि कार की छत टूट गई, और ड्राइवर के बगल में बैठे कुणाल कुकरेजा और उसके ठीक पीछे बैठी गुनीत के सिर धड़ से अलग होकर सड़क पर गिर गए। ++++ इस घटना के कुछ निष्कर्ष कुछ सवाल और कुछ सबक हैं : - जिस युवा की इनोवा गाड़ी थी वह उसे बिना मेहनत मिली थी। यदि युवा ने अपने परिश्रम से यह गाड़ी खरीदी होती तो यह दुर्घटना नहीं होती।परिश्रमी लोगों की जीवन शैली कुछ अलग होती है। - ये सभी युवा आर्थिक रूप से अपने माता-पिता पर आश्रित थे लेकिन माता-पिता का उन पर कोई नियंत्रण नहीं था। -ऐसा लगता है कि जिस संस्कृति और पारिवारिक वातावरण में ये युवा पले बढ़े,वहां उनके लिए मैसेज था कि बेटा हमने खूब कमाया है (कैसे भी) अब तुम हमारे धन पर इंजॉय करो और हम तुम्हें इंजॉय करते हुए देखकर प्रसन्न होंगे। -हमारे देश में जिन पारिवारिक संस्कारों की बात होती है क्या वह इन बच्चों को मिले ?
November 16, 2024
राष्ट्रीय न्यूज़: महाराष्ट्र। महाराष्ट्र के कुर्ला विधानसभा चुनाव में इंडिया गठबंधन शिव सेना उद्धव की प्रत्याशी प्रवीणा मनिष मोरजकर के चुनाव प्रचार में राजस्थान के नेता पूरी ताकत फूंक रहे है। पूर्व आरटीडीसी अध्यक्ष धर्मेंद्र राठौड़ ने बताया कि महाराष्ट्र में इंडिया गठबंधन की सरकार बन रही रही है। एआईसीसी के अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे, लोकसभा नेता विपक्ष राहुल गांधी, राज्यसभा सदस्य सोनिया गांधी, महासचिव प्रियंका गांधी और राजस्थान के पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत के निर्देशन में मेरे सहित पूर्व मंत्री डॉक्टर रघु शर्मा सहित कई नेता महाराष्ट्र विधानसभा चुनावों में कुर्ला विधानसभा से इंडिया गठबंधन पार्टी शिवसेना (उद्धव बालासाहेब ठाकरे) की प्रत्याशी प्रवीणा मनीष मोरजकर के समर्थन में नुक्कड़ सभाएं आयोजित की गई और डोर-टू-डोर जनसंपर्क अभियान किया। इस दौरान मेरे साथ राजस्थान सरकार के पूर्व स्वास्थ्य मंत्री रघु शर्मा जी भी शामिल रहे। जनता का अपार समर्थन और उत्साह देखने को मिला। विधायक रफ़ीक ख़ान एमएलए और विधायक अमीन काग़ज़ी भी साथ रहे
November 16, 2024
राष्ट्रीय न्यूज़: नई दिल्ली, 16 नवंबर, 2024, भारतीय प्रेस परिषद ने राष्ट्रीय प्रेस दिवस 2024 के अवसर पर राष्ट्रीय मीडिया केंद्र, नई दिल्ली में राष्ट्रीय प्रेस दिवस समारोह का आयोजन किया। इस कार्यक्रम में केंद्रीय सूचना और प्रसारण, रेल और इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्री श्री अश्विनी वैष्णव, केंद्रीय सूचना और प्रसारण और संसदीय कार्य राज्य मंत्री डॉ. एल. मुरुगन, भारतीय प्रेस परिषद की अध्यक्ष, सचिव, सूचना और प्रसारण मंत्रालय, श्रीमती. न्यायमूर्ति रंजना प्रकाश देसाई और अनुभवी पत्रकार श्री कुंदन रमनलाल व्यास उपस्थित रहे केंद्रीय सूचना और प्रसारण मंत्री श्री अश्विनी वैष्णव ने राष्ट्रीय प्रेस दिवस समारोह को वर्चुअल रूप से संबोधित करते हुए भारत के जीवंत और विविध मीडिया पारिस्थितिकी तंत्र पर प्रकाश डाला, जिसमें 35,000 पंजीकृत समाचार पत्र, कई समाचार चैनल और एक मजबूत डिजिटल बुनियादी ढांचा शामिल है। मंत्री महोदय ने कहा कि 4जी और 5जी नेटवर्क में निवेश ने भारत को वैश्विक स्तर पर सबसे कम डेटा कीमतों के साथ डिजिटल कनेक्टिविटी में सबसे आगे बढा दिया है। हालांकि, उन्होंने मीडिया और प्रेस के बदलते परिदृश्य के कारण हमारे समाज के सामने चार प्रमुख चुनौतियों की ओर इशारा कियाः 1. फर्जी खबर और गलत सूचना फर्जी खबरों का प्रसार मीडिया में विश्वास को कमजोर करता है और लोकतंत्र के लिए खतरा पैदा करता है। अपने संबोधन के दौरान, श्री. अश्विनी वैष्णव ने डिजिटल मीडिया के तेजी से विकास और इन प्लेटफार्मों पर प्रकाशित सामग्री की जिम्मेदारी पर एक महत्वपूर्ण सवाल उठाया। 1990 के दशक में विकसित सुरक्षित हार्बर की अवधारणा, जब डिजिटल मीडिया की उपलब्धता विश्वविद्यालयों और अनुसंधान संस्थानों में चुनिंदा उपयोगकर्ताओं तक सीमित थी, तो उपयोगकर्ताओं द्वारा उत्पन्न सामग्री के लिए जवाबदेह होने से प्लेटफार्मों को प्रतिरक्षा प्रदान की गई। उन्होंने उल्लेख किया कि विश्व स्तर पर, इस बात पर बहस तेज हो रही है कि क्या सुरक्षित बंदरगाह के प्रावधान अभी भी उचित हैं, गलत सूचना, दंगों और यहां तक कि आतंकवाद के कृत्यों के प्रसार को सक्षम करने में उनकी भूमिका को देखते हुए। "भारत जैसे जटिल संदर्भ में काम करने वाले प्लेटफार्मों को जिम्मेदारियों का एक अलग सेट नहीं अपनाना चाहिए? ये दबाव वाले प्रश्न एक नए ढांचे की आवश्यकता को रेखांकित करते हैं जो जवाबदेही सुनिश्चित करता है और राष्ट्र के सामाजिक ताने-बाने की रक्षा करता है। 2. सामग्री निर्माताओं के लिए उचित मुआवजा पारंपरिक मीडिया से डिजिटल मीडिया में बदलाव ने पारंपरिक मीडिया को वित्तीय रूप से प्रभावित किया है, जो पत्रकारिता अखंडता और संपादकीय प्रक्रियाओं में भारी निवेश करता है। श्री वैष्णव ने डिजिटल प्लेटफॉर्म और पारंपरिक मीडिया के बीच सौदेबाजी की शक्ति में विषमता को संबोधित करते हुए पारंपरिक सामग्री निर्माताओं के लिए उचित मुआवजे की आवश्यकता पर प्रकाश डाला। "सामग्री बनाने में पारंपरिक मीडिया द्वारा किए गए प्रयासों को क्षतिपूर्ति करने में उपयुक्त होने की आवश्यकता है", उन्होंने कहा। 3. एल्गोरिथम पूर्वाग्रह डिजिटल प्लेटफॉर्म को चलाने वाले एल्गोरिदम सामग्री को प्राथमिकता देते हैं जो जुड़ाव को अधिकतम करता है, मजबूत प्रतिक्रियाओं को इंगित करता है और इस तरह मंच के लिए राजस्व को परिभाषित करता है। ये अक्सर सनसनीखेज या विभाजनकारी स्टोरी को बढ़ाते हैं। श्री वैष्णव ने इस तरह के पूर्वाग्रहों के सामाजिक परिणामों पर प्रकाश डाला, विशेष रूप से भारत जैसे विविध राष्ट्र में, और इन जोखिमों को कम करने वाले समाधान विकसित करने के लिए प्लेटफार्मों का आह्वान किया। 4. बौद्धिक संपदा अधिकारों पर कृत्रिम बुद्धिमत्ता का प्रभाव एआई का उदय उन रचनाकारों के लिए नैतिक और आर्थिक चुनौतियां प्रस्तुत करता है जिनके काम का उपयोग एआई मॉडल को प्रशिक्षित करने के लिए किया जाता है। केंद्रीय मंत्री श्री अश्विनी वैष्णव ने कृत्रिम बुद्धिमत्ता में प्रगति के कारण रचनात्मक दुनिया के सामने महत्वपूर्ण उथल-पुथल पर प्रकाश डाला। एआई सिस्टम द्वारा उत्पन्न चुनौतियों का सामना करते हुए, उन्होंने मूल रचनाकारों के बौद्धिक संपदा (आईपी) अधिकारों की रक्षा करने की आवश्यकता पर जोर दिया। "एआई मॉडल आज विशाल डेटासेट के आधार पर रचनात्मक सामग्री उत्पन्न कर सकते हैं जिस पर उन्हें प्रशिक्षित किया जाता है। लेकिन उस डेटा में योगदान देने वाले मूल रचनाकारों के अधिकारों और मान्यता का क्या होता है? क्या उन्हें उनके काम के लिए मुआवजा दिया जा रहा है या स्वीकार किया जा रहा है? मंत्री ने सवाल किया। "यह केवल एक आर्थिक मुद्दा नहीं है, यह एक नैतिक मुद्दा भी है", उन्होंने कहा। श्री वैष्णव ने हितधारकों से राजनीतिक मतभेदों को पार करते हुए इन चुनौतियों से निपटने के लिए खुली बहस और सहयोगी प्रयासों में शामिल होने का आग्रह किया। उन्होंने लोकतंत्र के एक मजबूत स्तंभ के रूप में मीडिया की भूमिका को संरक्षित करने और 2047 तक एक सामंजस्यपूर्ण और समृद्ध विकास भारत के निर्माण के महत्व पर जोर दिया। डिजिटल युग को नेविगेट करना: नकली समाचारों का मुकाबला करना और नैतिक पत्रकारिता को बनाए रखना पारंपरिक प्रिंट से लेकर उपग्रह चैनलों और अब डिजिटल युग में पत्रकारिता के विकास पर प्रकाश डालते हुए, डॉ। मुरुगन ने उस गति का उल्लेख किया जिस पर आज समाचार जनता तक पहुंचता है। हालांकि, उन्होंने नकली समाचारों की बढ़ती चुनौती पर जोर दिया, जिसे उन्होंने "वायरस से भी तेजी से फैलने" के रूप में वर्णित किया। उन्होंने चेतावनी दी कि फर्जी खबर राष्ट्रीय अखंडता के लिए खतरा है, सेना को कमजोर करती है और भारतीय संप्रभुता को चुनौती देती है। प्रत्येक व्यक्ति को एक संभावित सामग्री निर्माता में बदलने में स्मार्टफोन की भूमिका को स्वीकार करते हुए, डॉ। मुरुगन ने गलत सूचना का मुकाबला करने में अधिक जिम्मेदारी और विनियमन की आवश्यकता पर जोर दिया। उन्होंने दोहराया कि जबकि भाषण और अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता की गारंटी संविधान द्वारा दी जाती है, इसका उपयोग सटीकता और नैतिक जिम्मेदारी के साथ किया जाना चाहिए। डॉ मुरुगन ने समाचार को प्रमाणित करने और झूठे कथनों का मुकाबला करने के लिए प्रेस सूचना ब्यूरो (पीआईबी) के भीतर एक तथ्य जांच इकाई की स्थापना करने सहित प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी व सरकार के प्रयासों की सराहना की। सूचना और प्रसारण मंत्रालय के सचिव संजय जाजू ने भारतीय जनसंचार संस्थान (आईआईएमसी) जैसे संस्थानों के माध्यम से मान्यता, स्वास्थ्य और कल्याणकारी योजनाओं और क्षमता निर्माण कार्यक्रमों सहित पत्रकारों का समर्थन करने के उद्देश्य से सरकार की पहलों पर प्रकाश डाला। उन्होंने प्रेस और पंजीकरण आवधिक अधिनियम, 2023 जैसे सुधारों का भी उल्लेख किया, जो मीडिया नियमों का आधुनिकीकरण करता है। नियमित प्रेस ब्रीफिंग, वेब स्क्रीनिंग, सम्मेलनों आदि के माध्यम से सूचना पहुंच में सुधार के प्रयासों पर भी जोर दिया गया। उन्होंने एक निष्पक्ष, पारदर्शी और टिकाऊ प्रेस पारिस्थितिकी तंत्र बनाने के लिए सामूहिक प्रयासों का भी आह्वान किया जो पत्रकारिता को सत्य के बीकन, विविध आवाजों के लिए एक मंच और समाज में सकारात्मक परिवर्तन के लिए उत्प्रेरक के रूप में बनाए रखता है। पत्रकारिता की अखंडता को बनाए रखने में पीसीआई की भूमिका अपने संबोधन के दौरान, न्यायमूर्ति रंजना प्रकाश देसाई ने इस बात पर प्रकाश डाला कि डिजिटल प्लेटफार्मों की व्यापक उपलब्धता और आध्यात्मिक मीडिया, ब्लॉग और पॉडकास्ट के लगातार उपयोग ने समाचार और सूचना तक पहुंच का बहुत विस्तार किया है। इसने न केवल जीवन को आसान बना दिया है बल्कि अपने साथ चुनौतियां भी लाई हैं और यह इस संबंध में है कि सटीक समाचार हमें समय पर पहुंचना चाहिए। उन्होंने उल्लेख किया कि भारतीय प्रेस परिषद ने पत्रकारिता की अखंडता को बनाए रखने, जनहित की रक्षा करने और यह सुनिश्चित करने के उद्देश्य से कदम उठाए हैं कि मीडिया सूचना के लिए एक विश्वसनीय और नैतिक मंच के रूप में कार्य करे। उन्होंने पीसीआई द्वारा संचालित पुरस्कार और इंटर्नशिप कार्यक्रमों पर जोर दिया। "इस साल, 15 पत्रकारों को विभिन्न श्रेणियों में उत्कृष्टता के राष्ट्रीय पुरस्कार मिले और पीसीआई की पहल का उद्देश्य प्रतिभा, पत्रकारिता में नैतिक विकास को बढ़ावा देना है, लेकिन महत्वाकांक्षी पत्रकारों के बीच जिम्मेदारी और जागरूकता की भावना को भी बढ़ावा देना है," की बात कही
November 13, 2024
राष्ट्रीय न्यूज़: सुप्रीम कोर्ट ने बुलडोजर कार्रवाई पर बुधवार को अहम फैसला सुनाते हुए अफसरों के लिए 15 गाइडलाइंस जारी कीं। कोर्ट ने स्पष्ट किया कि अफसर खुद को जज न समझें और यह न तय करें कि कौन दोषी है। जस्टिस बीआर गवई और जस्टिस केवी विश्वनाथन की बेंच ने यह भी कहा कि अगर 15 दिन का नोटिस दिए बिना किसी निर्माण को तोड़ा गया, तो अफसर को अपने खर्च पर निर्माण को दोबारा बनाना पड़ेगा। कोर्ट ने फैसला पढ़ते हुए कवि प्रदीप की पंक्तियाँ उद्धृत कीं – "अपना घर हो, अपना आंगन हो, इस ख्वाब में हर कोई जीता है।" सुप्रीम कोर्ट के इस फैसले के पीछे मध्य प्रदेश, राजस्थान, और उत्तर प्रदेश में बुलडोजर कार्रवाई के खिलाफ दायर याचिकाएं थीं, जिनमें निर्माण गिराने को लेकर गाइडलाइंस की मांग की गई थी। कोर्ट की गाइडलाइंस के अनुसार, नोटिस के बिना कोई कार्रवाई नहीं की जाएगी और नोटिस के बाद 15 दिन का समय दिया जाएगा। मुख्य गाइडलाइंस: बुलडोजर कार्रवाई के आदेश के खिलाफ अपील का अवसर दिया जाए। घर गिराने की कार्रवाई रातोंरात न की जाए, जिससे महिलाओं और बच्चों को सड़कों पर न आना पड़े। गाइडलाइंस अवैध अतिक्रमण, जैसे सड़कों या नदी किनारे पर किए गए निर्माण पर लागू नहीं होंगी। बिना शो कॉज नोटिस के कोई निर्माण नहीं गिराया जाएगा। नोटिस रजिस्टर्ड पोस्ट से भेजा जाए और निर्माण की दीवार पर चिपकाया जाए। नोटिस के बाद 15 दिन का समय दिया जाए। कलेक्टर और जिला मजिस्ट्रेट को भी सूचना दी जाए। डीएम और कलेक्टर कार्रवाई पर नजर रखने के लिए नोडल अफसर नियुक्त करें। नोटिस में कार्रवाई का कारण, सुनवाई की तारीख और स्थान स्पष्ट रूप से बताया जाए। अधिकारियों द्वारा पर्सनल हियरिंग और इसकी रिकॉर्डिंग की जाए। फाइनल ऑर्डर को डिजिटल पोर्टल पर प्रकाशित किया जाए। अवैध निर्माण गिराने के आदेश के बाद व्यक्ति को 15 दिन का समय दिया जाए। कार्रवाई की वीडियोग्राफी कर उसे सुरक्षित रखा जाए। गाइडलाइंस का पालन न करने पर कोर्ट अवमानना मानी जाएगी और अधिकारी को मुआवजा भी देना होगा। निर्देश सभी मुख्य सचिवों को भेजे जाएं। सुप्रीम कोर्ट ने यह भी स्पष्ट किया है कि यदि इन गाइडलाइंस का उल्लंघन किया गया, तो संबंधित अधिकारी को कोर्ट की अवमानना का सामना करना पड़ेगा।
November 12, 2024
राष्ट्रीय न्यूज़: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सोमवार को नई दिल्ली में उत्तराखंड के पारंपरिक पर्व इगास की सभी देशवासियों और विशेष रूप से उत्तराखंड के परिवारों को बधाई दी। प्रधानमंत्री ने उत्तराखंड से लोकसभा सांसद अनिल बलूनी के दिल्ली स्थित आवास पर आयोजित इगास पर्व के समारोह में भाग लिया। इस मौके पर उन्होंने उत्तराखंड की संस्कृति और परंपराओं के संरक्षण और समृद्धि की कामना की और कहा कि इगास पर्व हर किसी के जीवन में सुख, समृद्धि, और खुशहाली लेकर आए। प्रधानमंत्री ने इस पर्व को उत्तराखंड की अनूठी सांस्कृतिक धरोहर का प्रतीक बताते हुए कहा कि इगास त्योहार उत्तराखंड के लोगों के जीवन में एक विशेष स्थान रखता है। उन्होंने इस पर्व को आधुनिक जीवन में भी जारी रखने और आने वाली पीढ़ियों को इस पर्व से जोड़ने की आवश्यकता पर बल दिया। इगास पर्व, जिसे उत्तराखंड के लोग दीवाली के कुछ दिन बाद मनाते हैं, विशेष रूप से गढ़वाल और कुमाऊं क्षेत्रों में धूमधाम से मनाया जाता है। यह पर्व दीपावली के बाद विशेष परंपराओं और सांस्कृतिक रंगों से भरपूर होता है। प्रधानमंत्री मोदी की इस पहल से न केवल उत्तराखंड के निवासियों बल्कि अन्य राज्यों के लोगों में भी इगास पर्व के प्रति जागरूकता बढ़ी है। उन्होंने पर्व के दौरान उत्तराखंड की पारंपरिक वेशभूषा और रीति-रिवाजों को प्रदर्शित करने का प्रयास किया, जो इस राज्य की संस्कृति के प्रति उनके सम्मान और प्रेम को दर्शाता है।
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