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Ajmer Breaking News: शिवमयी हुई ब्रह्म नगरी पुष्कर: भक्ति, उत्सव और आस्था का अद्भुत संगम,10 फीट नीचे छिपा दिव्य धाम, जहां आज भी जागृत हैं अटमटेश्वर महादेव |  Ajmer Breaking News: वार्ड 45 की पार्षद बीना टांक के नव निर्माणधीन मकान में चोरी की वारदात, साथ ही वार्ड में नालों पर लगे जगलों को चोरी करने का वीडियो आया सामने, |  Ajmer Breaking News: देश प्रदेश सहित अजमेर में भी महाशिवरात्रि का पर्व मनाया गया बड़े ही हर्ष उल्लास और उमंग से |  Ajmer Breaking News: केसरपुरा गांव में कुएं में मिला युवक का शव, कड़ी मशक्कत के बाद सिविल डिफेंस की टीम ने निकाला बाहर, जवाहरलाल नेहरू अस्पताल  की मोर्चरी में शव रख कर ग्रामीण वासियों की मांग- |  Ajmer Breaking News: भोलेश्वर मंदिर सेवा ट्रस्ट भोलेश्वर चौक जनता कॉलोनी वैशाली नगर अजमेर में आज महाशिवरात्रि पर्व आज  बड़े धूमधाम से मनाया गया । |  Ajmer Breaking News: राजस्व मण्डल के नए भवन के लिए 150 करोड़ की स्वीकृति पर विधानसभा अध्यक्ष श्री वासुदेव देवनानी का अधिवक्ताओं ने जताया आभार |  Ajmer Breaking News: विधानसभा अध्यक्ष श्री वासुदेव देवनानी ने महाशिवरात्रि के पावन पर्व पर शहर के विभिन्न शिवालयों का किया जलाभिषेक |  Ajmer Breaking News: माकड़वाली गांव में पुलिस चौकी खुलने की बजट घोषणा पर विधानसभा अध्यक्ष श्री वासुदेव देवनानी का ग्रामवासियों ने जताया आभार |  Ajmer Breaking News: विधानसभा अध्यक्ष वासुदेव देवनानी एवं कृषि राज्यमंत्री भगीरथ चौधरी ने पुष्कर में ब्रह्मा सावित्री वेद विद्यापीठ आश्रम के रजत जयंती समारोह में की सहभागिता |  Ajmer Breaking News: जवाहरलाल नेहरू अस्पताल प्रशासन एवं सर्जरी विभाग ने किया लायंस का आभार व्यक्त  | 

अजमेर न्यूज़: शिवमयी हुई ब्रह्म नगरी पुष्कर: भक्ति, उत्सव और आस्था का अद्भुत संगम,10 फीट नीचे छिपा दिव्य धाम, जहां आज भी जागृत हैं अटमटेश्वर महादेव

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February 15, 2026

पुष्कर का प्राचीन अटमटेश्वर महादेव मंदिर विशेष आकर्षण का केंद्र रहा। वराह घाट के समीप धरती से लगभग 10 फीट नीचे स्थित यह मंदिर अपनी अनोखी संरचना और पौराणिक कथा के लिए प्रसिद्ध है।

शिवमयी हुई ब्रह्म नगरी पुष्कर: भक्ति, उत्सव और आस्था का अद्भुत संगम,10 फीट नीचे छिपा दिव्य धाम, जहां आज भी जागृत हैं अटमटेश्वर महादेव

 ब्रह्म नगरी पुष्कर में महाशिवरात्रि का पर्व इस वर्ष भी अत्यंत हर्ष और उल्लास के साथ मनाया गया। अलसुबह से ही मंदिरों में श्रद्धालुओं की लंबी कतारें लग गईं और “हर-हर महादेव” के जयघोष से पूरा नगर गूंज उठा। नीलकंठ महादेव, सिद्धेश्वर महादेव, थानेश्वर महादेव, 108 महादेव मंदिर सहित सतयुग से स्थापित अटमटेश्वर महादेव मंदिर में विशेष पूजा-अर्चना और अभिषेक किए गए। देव नगर रोड स्थित चित्रकूट धाम के 11 फुट ऊंचे शिवलिंग मंदिर में भी हजारों श्रद्धालुओं ने जलाभिषेक कर भोलेनाथ का आशीर्वाद लिया।

शनिवार रात भजन संध्या का आयोजन हुआ, जिसमें मंदिरों को आकर्षक रोशनी और फूलों से सजाया गया। पूरा वातावरण शिवमय हो उठा। कस्बे में माली समाज और कुमावत समाज द्वारा भव्य शोभायात्राएं निकाली गईं। गाजे-बाजे, सजीव झांकियों और फूलों की वर्षा के बीच निकली इन यात्राओं में महिला-पुरुष और युवा बढ़-चढ़कर शामिल हुए। डीजे की धुन पर झूमते युवाओं और भगवान शिव की आरती उतारते श्रद्धालुओं ने माहौल को भक्तिमय बना दिया। सड़कों के दोनों ओर उमड़ी भीड़ ने जगह-जगह शोभायात्राओं का स्वागत किया।

पुष्कर का प्राचीन अटमटेश्वर महादेव मंदिर विशेष आकर्षण का केंद्र रहा। वराह घाट के समीप धरती से लगभग 10 फीट नीचे स्थित यह मंदिर अपनी अनोखी संरचना और पौराणिक कथा के लिए प्रसिद्ध है। मान्यता है कि ब्रह्मा के यज्ञ में आमंत्रण न मिलने पर भगवान शिव ने यहां कपाल लीला दिखाई थी, जिसके बाद उन्हें यज्ञ में सर्वोच्च स्थान दिया गया। तभी से अटमटेश्वर स्वरूप में शिव यहां विराजमान हैं और नगर की रक्षा करते हैं।

इतिहास, आस्था और परंपरा का यह अद्भुत संगम महाशिवरात्रि पर पुष्कर शिव के धाम के रूप में कैलाश बना गया, जहां हर ओर श्रद्धा, उल्लास और भक्ति की अनूठी छटा देखने को मिली।


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