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February 8, 2020
#मधुकर कहिन 2220
एक एडीएम ऐसा भी !!!
️नरेश राघानी
कुछ रोज पहले कलेक्ट्रेट परिसर में गया। वहां मैंने पाया कि अतिरिक्त जिला मजिस्ट्रेट कार्यालय के बाहर एक युवा जोड़ा अपने दस्तावेज देकर एफिडेविट बनवा रहा था। मैंने पूछ लिया - बेटा क्या कर रहे हो ? उन्होंने बताया कि हम शादी करने जा रहे हैं । जिसके लिए एडीएम सिटी सुरेश सिंधी के कार्यालय जाना है । सुनकर मैं हैरान रह गया। शादी वह भी कलेक्ट्रेट परिसर में ???? जब थोड़ा और गहरे उतरा तो पता पड़ा कि वह प्रेम विवाह करने जा रहे थे। एक दूसरे को काफी समय से जानते थे। और जब उन्होंने अपने वकीलों के माध्यम से जानकारी कर कोर्ट मैरिज करने की नियत से एडीएम कार्यालयआए थे।
टाइप करने वाले स्टाम्प बाबू बोला - मधुकर जी !! यहां तो ये रोज का काम है । और भगवान जाने इन एडीएम साहब के राज में कितने जोड़ों का भला लिखा है !!! क्योंकि यह ऐडीएम साहब व्यवहार के बहुत भले हैं। किसी भी जोड़े को बिना ज्यादा परेशान किए आराम से कोर्ट मैरिज करने में मदद करते हैं। मसलन किसी ने कोई गलत डॉक्यूमेंट लगा दिया, या किसी से विषय की जानकारी ना होने की वजह से कोई कागजी गलती हो गई हो । तो बाकी सरकारी अधिकारियों की तरह काम अटकाते नहीं है। खुद ही उसमें गलती निकाल कर बता देते हैं बेटा जाओ यह डॉक्यूमेंट ठीक करा लो नहीं तो आगे भविष्य में मुसीबत होगी। सुनकर मन में बड़ा आदर भाव आ गया।
मैं घर लौटा और फिर आज सुबह अखबार में देखा की वही सुरेश सिंधी कनाडिया गांव की सरकारी स्कूल में बच्चों के साथ बैठकर खाना खा रहे थे । उस खबर के अनुसार अपनी ऑफिशल विजिट के दौरान सुरेश सिन्धी ने बच्चों से पहाड़े भी सुने। और उन में से सबसे श्रेष्ठ बच्चे को 1500 रुपये का इनाम भी दिया। देख कर बहुत अच्छा लगा। कहां होते हैं आजकल ऐसे अफसर ??? जिस किसी को सरकारी नौकरी मिलती है वह खुद को सरकार का जवाई समझ कर लग जाता है, आम आदमी की जेब काटने में। ऐसे माहौल के बीच इतने सहज व्यवहार वाला अधिकारी देखकर बहुत दिनों बाद अच्छा लगा। ऐसा नहीं है कि मैं सुरेश सिन्धी को आज से जानता हूँ। पहले भी जब सुरेश सिंधी के विषय में सुनता था तो लोगों से यही सुनता था कि सिंधी समाज में सुरेश सिंधी ही एकमात्र ऐसे व्यक्ति हैं। जो अपने सरनेम की जगह सीधा सिंधी लिखते हैं। जिससे साफ दिखता है कि उन्हें अपने समुदाय पर कितना गर्व है । एक ही शख्सियत में इतनी सारे गुणों का समावेश बहुत कम देखने को मिलता है। ईश्वर से प्रार्थना करता हूँ की ऊपरवाला उन्हें ऐसे ही सरल बनाए रखे। ताकि वह ऐसे ही लोकहित में काम करते रहें। युवा जोड़ों की शादियां करवाते रहें और अजमेर के युवाओं के बीच उनकी लोकप्रियता बनी रहे।
जय श्री कृष्ण
नरेश राघानी
9829070307
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